एक किलोमीटर तक दौड़ती रही लपटों में घिरी महिला
अहिरौली(कुशीनगर)। अहिरौली थाना क्षेत्र के मूजडीहा गांव में बुधवार दोपहर तीन बच्चों की मां को जिंदा जलाने का प्रयास किया गया। आग की लपटों में घिरी महिला किसी तरह घर से निकलकर दौड़ पड़ी। करीब एक किलोमीटर दूर जाकर बेहोश होकर गिर गई। लोगों ने एंबुलेंस से नजदीकी गोरखपुर जिले के पिपराइच पीएचसी पहुंचाया। वहां से मेडिकल कालेज रेफर कर दिया गया है। महिला के भाई ने सास, ससुर व पति के खिलाफ जलाकर मारने के प्रयास का आरोप लगाया है। तीनों घर से फरार हैं। पुलिस ने महिला के देवर को हिरासत में लिया है।
मूजडीहा गांव निवासी दिनेश विश्वकर्मा और पत्नी रंजना के बीच किसी बात पर मंगलवार की शाम से ही विवाद चल रहा था। रंजना की बड़ी बेटी कविता के अनुसार, बुधवार दोपहर में भी विवाद हो रहा था। इसी दौरान उसकी मां को बांधकर मिट्टी का तेल छिड़ककर आग लगा दी गई। घर का मुख्य दरवाजा भी बंद कर दिया गया था। मां चीखते हुए बाहर निकलने के लिए कमरों में इधर-उधर भाग रही थी। किसी तरह से घर के पीछे का दरवाजा खुला तो गांव के रास्ते पर दौड़ पड़ी। ग्रामीणों का कहना है कि महिला करीब एक किलोमीटर तक सड़क पर दौड़ती रही और तवक्कलपुर गांव के पास सड़क पर गिर पड़ी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने एंबुलेंस बुलाकर पिपराइच पीएचसी पर भेजा। वहां से मेडिकल कालेज रेफर कर दी गई।
सूचना मिलते ही अहिरौली थाने के जगदीशपुर से भाई मनीष विश्वकर्मा मूजडीहा पहुंचे। बदहवास भांजी कविता ने घटना की जानकारी दी। मनीष ने बहनोई दिनेश विश्वकर्मा समेत सास और ससुर पर रंजना की पिटाई के बाद मिट्टी के तेल छिड़ककर आग लगाने का आरोप लगाते हुए तहरीर दी है। एसओ अहिरौली राहुल सिंह ने बताया कि घटना की जानकारी मिलने पर पुलिस पहुंची थी। तहरीर मिल गई है। मामले की जांच कर कार्रवाई की जाएगी।