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Kushinagar News: सुनसान जगह पर बोला हमला...कुत्तों की आवाज में दब गई माधुरी की चीख

Wed, 13 Aug 2025 01:39 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
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हाटा। जिले में कुत्तों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। कोतवाली क्षेत्र के अर्जुन डुमरी गांव में मंगलवार को एक अर्धविक्षिप्त महिला को कुत्तों के झुंड ने नोंचकर मार डाला। हाल ही में कसया में कुत्तों का झुंड एक मासूम को दरवाजे से खींचकर लहूलुहान कर दिया था। लगातार हो रही इन घटनाओं ने ग्रामीणों में दहशत फैला दी है।
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अर्जुन डुमरी गांव निवासी गोरख पटेल की 30 वर्षीय पुत्री माधुरी मानसिक रूप से विक्षिप्त थी और दिनभर गांव में इधर-उधर घूमती रहती थी। मंगलवार सुबह वह घर से निकली, लेकिन शाम तक नहीं लौटी। परिजन खोजबीन में जुटे ही थे कि गांव के बाहर पंचायत भवन के पास उसका क्षत-विक्षत शव दिखाई दिया। शव के पास कई आवारा कुत्ते मंडरा रहे थे। गांव वालों का कहना है कि शव देखकर साफ लग रहा था कि कुत्तों ने हमला कर जान ली। जिले में आवारा कुत्तों का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है। पिछले कुछ महीनों में कुत्तों के हमले में कई लोग घायल हुए हैं। कसया के अमिय नगर त्रिपाठी वार्ड में गेट पर खड़े पांच वर्षीय अनिक को मासूम को कुत्ते खींच ले गए और काटकर जख्मी कर दिए। इसके अलावा मथौली नगर में करीब आठ माह पूर्व एक महिला की कुत्तों के काटने से मौत हो गई थी। इसके अलावा आठ से अधिक बुजुर्गों पर कुत्तों का झुंड मथौली कस्बे में हमला कर दिया था। खेत से फसल देखकर लौटते समय यह घटना हुई थी। करीब दस दिनों तक लोग घरों से हाथ में लाठी डंडा लेकर निकल रहे थे। नगर पंचायत के सफाईकर्मियों की मदद से कुत्तों को पकड़वाकर आबादी से दूर छोड़ा गया। नगर निकाय और प्रशासन की लापरवाही से यह समस्या विकराल होती जा रही है। अर्जुन डुमरी गांव के लोग इस घटना के बाद सहम गए हैं, घरों से बच्चों को नहीं निकलने दे रहे हैं। गांव के लोगों ने बताया कि जिस तरह से कुत्तों ने माधुरी के शरीर को नोचा था। वह देखकर रोंगटे खड़े हो गए, पंचायत भवन के पास सुनसान स्थान है। इसलिए माधुरी की चीख भी हमलावर कुत्तों की आवाज के सामने कमजोर पड़ गई। इस लिए किसी जानकारी तक नहीं हो सकी।
बच्चों को घर से बाहर नहीं भेज रहे लोग
लगातार हो रही घटनाओं से गांव-शहर के लोग दहशत में हैं। खासकर माता-पिता अब छोटे बच्चों को अकेले घर से बाहर भेजने में हिचकिचा रहे हैं। ग्रामीणों की मांग है कि जिला प्रशासन तुरंत आवारा कुत्तों की धर-पकड़ अभियान चलाए, ताकि मासूम और कमजोर लोगों की जान बचाई जा सके।
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