कसया। अंश निर्धारण में गलत रिपोर्ट लगाने और शासकीय कार्यों में लापरवाही बरतने पर लेखपाल को तहसीलदार ने निलंबित कर दिया है। करीब 15 दिन पहले तीन लेखपाल निलंबित हुए थे। इस कार्रवाई से लेखपालों में हड़कंप मचा है।
तहसील क्षेत्र में साखोपार बहोरापुर में तैनात लेखपाल सुरेश गुप्ता के खिलाफ अंश निर्धारण के मामले में गलत रिपोर्ट लगाकर एक पक्ष की मदद करने शिकायत मिली थी। इसके अलावा शासन की प्राथमिकता वाले आईजीआरएस के मामले में भी उन्होंने लापरवाही की है। तहसीलदार उनके खिलाफ मिली शिकायत की कानूनगो से जांच कराई। जांच में लेखपाल पर लगे आरोपों की पुष्टि हो गई। तहसीलदार धर्मवीर सिंह ने लेखपाल सुरेश गुप्ता को निलंबित कर दिया है। तहसीलदार ने कहा कि शासन की मंशा के विपरीत जो भी अधिकारी या कर्मचारी कार्य करते मिलेगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
शासकीय कार्यों में पारदर्शिता को लेकर तहसील प्रशासन काफी सख्त हो गया है। करीब 15 दिन पहले अलग-अलग मामलों में लापरवाही बरतने और गलत रिपोर्ट लगाने के आरोप में लेखपाल श्रीनिवास सिंह और गौरव प्रताप सिंह को निलंबित कर दिया गया था। इस संबंध में ज्वाइंट मजिस्ट्रेट अंकिता जैन ने बताया कि अंश निर्धारण और शासकीय कार्यों में लापरवाही की वजह से उन्हें निलंबित किया गया है। तहसील क्षेत्र में किसी भी कार्य को लेकर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।