पडरौना/कसया। कुशीनगर अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे की हवाईपट्टी के निर्माण के
लिए 80 करोड़ रुपये रिलीज होने बाद भी कार्य शुरू नहीं हो पाया है।
हाल
यह है कि अभी तक कार्यदायी संस्था ने प्रशासन से संपर्क ही नहीं किया है।
दरअसल, कुशीनगर हवाई पट्टी का विस्तार करते हुए अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डा
बनाने की प्रक्रिया वर्ष 2010 में शुरू हुई थी।
नौ मार्च 2010 गजट
के माध्यम से 11 गांवों के किसानों से कुल 404.35 एकड़ जमीन अधिग्रहीत की
गई थी।साथ ही विभिन्न गांव की भी कुल 21.6 एकड़ जमीन भी ली गई। कुछ किसानों
ने स्वेच्छा से 47.241 एकड़ जमीन हवाई अड्डे के नाम से रजिस्ट्री भी करा
दी थी। प्रशासन ने अधिग्रहीत 584.65 एकड़ भूमि कंटीले तारों से घिरवा दी
है।
हवाई पट्टी के निर्माण के लिए शासन द्वारा 199 करोड़ रुपये का
प्रावधान किया है। इस मद में जनवरी में 80 करोड़ रुपये रिलीज किए गए
हैं।इससे हवाईपट्टी के निर्माण के साथ टर्मिनल बिल्डिंग, हॉस्टल, हैंगर आदि
का निर्माण कार्य होगा। इसके लिए टेंडर भी हो चुका है।
जिलाधिकारी
लोकेश एम ने बताया कि हवाईपट्टी के निर्माण के लिए कार्यदायी संस्था राइट्स
को जिम्मेदारी दी गई है। कार्यदायी संस्था के अफसरों द्वारा अभी तक
निर्माण को लेकर किसी प्रकार का संपर्क नहीं किया गया है।