पडरौना। जिले के 60 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर रविवार को मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेले का आयोजन किया गया। इसमें कुल 1758 मरीजों का उपचार कर निशुल्क दवाएं वितरित की गईं। इनमें 810 पुरुष, 732 महिलाएं और 216 बच्चे शामिल रहे।
मौसम में बदलाव के कारण बुखार और वायरल संक्रमण से पीड़ित मरीजों की संख्या बढ़ी है। पिछले रविवार को मेले में करीब 1400 मरीज पहुंचे थे, जबकि इस बार संख्या 1700 के पार पहुंच गई।
मेले में त्वचा रोग के सबसे अधिक 302 मरीज पहुंचे। इसके अलावा पेट संबंधी समस्याओं के 174, सांस संबंधी रोगों के 144, शुगर के 188 और हाइपरटेंशन के 116 मरीजों की जांच की गई। टीबी के 12 संभावित मरीजों की भी जांच हुई। खून की कमी के चार मरीज मिले।
अन्य स्वास्थ्य समस्याओं से पीड़ित 483 लोगों ने भी मेले में पहुंचकर उपचार कराया। मरीजों की जांच और उपचार के लिए 62 डॉक्टरों और 198 पैरामेडिकल कर्मियों की ड्यूटी लगाई गई थी।
शहर के गायत्रीनगर स्थित नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर डॉ. उमर जमा के नेतृत्व में 51 मरीजों का उपचार किया गया। इनमें 20 पुरुष और 25 महिलाएं व बच्चे शामिल रहे। वायरल बुखार के 15 और पेट दर्द व गैस की समस्या से पीड़ित 12 मरीज पहुंचे। अन्य सामान्य बीमारियों के मरीजों को भी परामर्श और दवाएं दी गईं।
मथौली संवाद के अनुसार, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर आयोजित आरोग्य मेले में 54 मरीजों का उपचार कर निशुल्क दवाएं दी गईं। यहां बुखार, सर्दी-खांसी, त्वचा रोग, शुगर और हाइपरटेंशन से पीड़ित मरीज पहुंचे।
डॉ. उत्तम जायसवाल ने पीयूष (12), कोदई (79), रामसेवक (65), लालमती (60), शैलेश (22), कुसुमावती (50), ओमप्रकाश (58), रोहित (24), मुनीता (13), शैलजा (23), प्रेम प्रकाश (27), बृजेश गुप्ता (16) और बिंदू देवी (35) समेत अन्य मरीजों का उपचार किया। उन्होंने बदलते मौसम में सेहत का ध्यान रखने की सलाह दी। इस दौरान यशवंत चौहान, धर्मपाल सिंह, अभिषेक विश्वकर्मा, रामाशंकर प्रसाद और रामप्रताप समेत स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे। उजारनाथ संवाद के अनुसार, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र करमैनी में 29 मरीजों की जांच कर उपचार किया गया। इनमें आंख और त्वचा संबंधी समस्याओं से पीड़ित मरीज भी शामिल रहे। चिकित्सा अधिकारी डॉ. संजय कुमार ने बताया कि मेले में पेट दर्द, सर्दी-खांसी और जुकाम से पीड़ित मरीज अधिक पहुंचे। सेंदुरिया बुजुर्ग गांव निवासी सुनीता देवी ने बताया कि उन्हें पेट संबंधी परेशानी रहती है। मेले में डॉक्टर के परामर्श पर दवा लेने से आराम मिलता है। भैंसहा निवासी विनय श्रीवास्तव ने बताया कि वह प्रत्येक रविवार को मेले में शुगर की जांच कराते हैं और रिपोर्ट के अनुसार डॉक्टर की सलाह पर दवा लेते हैं। इससे उनके स्वास्थ्य में सुधार हो रहा है। मेले में जमील अहमद, सलोनी श्रीवास्तव और रामजी समेत अन्य स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे।