तमकुहीरोड। गंडक नदी के जलस्तर में लगातार उतार चढ़ाव के चलते कटान की रफ्तार तेज हो गई है। एपी तटबंध के किलोमीटर एक पर बने स्पर का करीब 100 मीटर हिस्सा बृहस्पतिवार को कटकर बह गया। जानकारी होने पर क्षेत्रीय विधायक के अलावा डीएम भी मौके पर पहुंचे थे। डीएम ने एक्सईएन को बचाव कार्य तेज कराने का निर्देश दिया। उधर विधायक तीन दिन से बचाव कार्य की मांग को लेकर धरना भी दे रहे हैं।
बांध पर धरना दे रहे क्षेत्रीय विधायक अजय कुमार लल्लू समेत कई लोग मौके पर पहुंचे। जिसकी खबर मिलते ही बाढ़ खंड के अभियंता ग्रामीणों की नाराजगी देख खिसक लिए। दोपहर में डीएम डॉ. अनिल कुमार सिंह, एसपी अशोक कुमार पांडेय, सीओ आरके तिवारी, नायब तहसीलदार विकास कुमार सिंह, एसओ सेवरही अरविंद कुमार, बाढ़खंड के एक्सईन भरतराम, एसडीओ पीसी त्रिपाठी बंधे पर पहुंचे। डीएम ने बाढ़ खंड के अभियंताओं को तत्काल बचाव कार्य शुरू करने का निर्देश दिया। इसके बाद धरना स्थल पर पहुंचकर विधायक अजय कुमार लल्लू से बात की। डीएम ने बचाव कार्य में तेजी का आश्वासन दिया। अधिकारियों के जाने के बाद विधायक का धरना जारी रहा।
तो 11 साल पुराना इतिहास दोहराएगी नदी
वर्ष 2007 में भी एपी तटबंध गंडक नदी में आई बाढ़ के दबाव से टूट गया था। घघवा जगदीश गांव के सामने तटबंध टूटने से लोगों को महीने भर तक बाढ़ की त्रासदी झेलनी पड़ी थी। इस क्षेत्र के प्रदीप सिंह, जेपी निषाद, प्रभुनाथ यादव, मनोज गुप्ता, बाबूलाल निषाद, राजेश सिंह आदि का कहना है कि बांध की मरम्मत समय से नहीं होने के चलते हर वर्ष बरसात के तीन महीने इस क्षेत्र के लोगों को बाढ़ की आशंका के बीच वक्त गुजारना पड़ता है।