ढाढ़ा। गांवों को ओडीएफ घोषित किए जाने को लेकर हो रहे शौचालय निर्माण की समीक्षा के लिए सीडीओ की अध्यक्षता में बृहस्पतिवार को सुकरौली ब्लॉक सभागार में समीक्षा बैठक हुई। इसमें शौचालयों के निर्माण की खराब प्रगति पर संबंधित सचिवों को फटकार लगाया गया। सीडीओ ने शौचालय निर्माण में तेजी लाकर गांवों को ओडीएफ घोषित कराने का निर्देश दिया।
सीडीओ देवीदास ने ग्राम प्रधानों और सचिवों से शौचालय निर्माण में आ रही समस्याओं के बारे में जानकारी ली। उन्होंने शौचालय निर्माण कार्य को तय समय सीमा के अंदर पूरा कराने को कहा। सीडीओ ने कहा कि गांव के लोगों को शौचालय निर्माण पूरा होने पर समय से भुगतान कराना सचिवों की जिम्मेदारी है। लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। बैठक के दौरान ग्राम प्रधानों ने समय से भुगतान नहीं मिलने की शिकायत की। जिस पर सीडीओ ने ग्राम पंचायत सचिवों को कड़ी फटकार लगाते हुए कहा कि सभी जिम्मेदार सक्रीयता से कार्य करें। इस दौरान बीडीओ चित्रा मिश्रा, डीपीसी नंदू मिश्रा, एडीओ पंचायत अरुण कुमार, प्रधान संघ अध्यक्ष राजेश गुप्ता, शबाना खातुन, श्वेता यादव, सरिता गुप्ता, सुभाष पांडेय, नर्वदा शाही और उमेश जायसवाल सहित कई अन्य कर्मचारी व ग्राम प्रधान मौजूद थे। तमकुहीराज। 15 सितंबर तक तमकुही ब्लॉक को ओडीएफ ब्लॉक की सूची में शामिल करने का लक्ष्य है। अभी तक इस ब्लॉक के 164 राजस्व गांवों में सिर्फ 60 गांव ही ओडीएफ घोषित हुए हैं, जबकि 31 जुलाई तक 64 गांवों को हर हाल में ओडीएफ घोषित किया जाना है। विकास खंड के जेई प्रभावित नौ गांवों में शौचालय निर्माण एवं स्वच्छता पर विशेष ध्यान देना होगा।
ये बातें सीडीओ देवीदास ने कहीं। वह बृहस्पतिवार को तमकुही के ब्लॉक सभागार में ग्राम प्रधानों एवं सचिवों की बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने ग्राम प्रधानों से इस मुहिम में बाधा बन रही समस्याओं के बारे में जानकारी ली। पगरा पड़री, तमकुही, गौरी नरोत्तम आदि गांवों के प्रधानों ने बालू की समस्या की तरफ ध्यान दिलाया। इस पर एसडीएम त्रिभुवन ने कहा कि ग्राम प्रधान शौचालय निर्माण की खातिर बालू के लिए आवेदन करें। खनन ठेकेदार के माध्यम से सीधे उस गांव में बालू पहुंचवाया जाएगा। कोईंदी बुजुर्ग के प्रधान एवं सचिव ने बताया कि उनका गांव ओडीएफ की सूची में शामिल हो गया है, लेकिन गांव में बनवाए गए 60 शौचालयों का भुगतान अभी तक नहीं हो सका है। इस पर सीडीओ से समस्या का तत्काल समाधान करने का भरोसा दिलाया।
बीडीओ डॉ. अरुण कुमार यादव ने बताया कि तमकुही विकास खंड में कुल 43677 शौचालयों के निर्माण का लक्ष्य था, जिसमें से 11803 शौचालय लोगों ने स्वयं बना लिया है। 18538 शौचालय का निर्माण विभाग की ओर से करा लिया गया है, जबकि 16063 शौचालयों का निर्माण 15 सिंतबर तक हर हाल में पूर्ण करा लेना है। इस दौरान ब्लॉक प्रमुख वशिष्ठ राय, विनय कुमार नायक, नंदू मिश्र, लालचंद प्रसाद, आरके तिवारी, सुनील सिंह, नियमतुल्लाह, फतेह बहादुर कुशवाहा, भरत मद्घेशिया, शंभू यादव, विनय राय, विद्यासागर आदि मौजूद रहे।
बगैर टेंडर वाला कार्य श्रमदान घोषित होगा: सीडीओ
ढाढ़ा। ब्लॉक सभागार में बैठक के बाद सीडीओ ने क्षेत्र पंचायत द्वारा कराए जा रहे कार्यों का निरीक्षण किया। इस दौरान बाउंड्रीवाल निर्माण, भवन मरम्मत, ब्लॉक परिसर की रंगाई-पुताई कार्य के बारे में जानकारी ली। यहां शिकायत की गई कि करीब आठ लाख की लागत से हो रहे इस कार्य के लिए कोई टेंडर नहीं कराया गया है। इस पर सीडीओ ने नाराजगी जताते हुए बीडीओ को जांच का आदेश दिया। शिकायत सही मिलने पर हुए कार्य को श्रमदान घोषित करने की बात कही।