एएनएम शीला देवी एवं आशा अनीश फातिमा।
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पडरौना (कुशीनगर)। नवरात्र के पहले दिन 10 अक्तूबर को जिले की तीन ‘देवियों’ का नई दिल्ली में सम्मान होगा। इन्हें पोषण अभियान में उत्कृष्ट कार्य के लिए केंद्र सरकार की ओर से पुरस्कार दिया जाएगा। सम्मानित होने वाली इन महिलाओं में एक एएनएम, एक आशा और एक आंगनबाड़ी कार्यकर्ता शामिल हैं। इस पुरस्कार के लिए प्रदेश के छह जिलों की तीन-तीन महिलाओं का चयन किया गया है।
कुपोषित बच्चों का स्वास्थ्य सुधारने के लिए बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग की ओर से एस वर्ष 25 जुलाई से अभियान चलाया जा रहा है। अभियान को गति देने के लिए सितंबर में पोषण माह मनाया गया था। देश भर में चल रहे इस अभियान में उत्कृष्ट कार्य करने के लिए उत्तर प्रदेश के छह जनपदों की एक-एक एएनएम, आशा व आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को पोषण अवार्ड के लिए चयनित किया गया है। इन छह जिलों में कुशीनगर, गोरखपुर, आगरा, फैजाबाद, मुरादाबाद और सीतापुर शामिल हैं।
पुरस्कार के लिए जनपद की जिन तीन महिलाओं का चयन हुआ है, उनमें दुदही सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से जुड़ी एएनएम शीला देवी, आशा अनीश फातमा तथा सीडीपीओ कार्यालय दुदही से जुड़ी ठाड़ीभार की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता नीतू देवी शामिल हैं। एएनएम और आशा का नोडल अफसर दुदही सीएचसी के प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. अशोक कुमार पांडेय को नामित किया गया है, जबकि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता की नोडल अधिकारी दुदही की प्रभारी सीडीपीओ शांति पांडेय हैं। इन्हें भारत सरकार की ओर से नई दिल्ली में 10 अक्टूबर को आयोजित कार्यक्रम में पोषण अवार्ड से नवाजा जाएगा।
आज होगा पूर्वाभ्यास
डीएम डॉ. अनिल कुमार सिंह ने बताया कि नोडल अधिकारी और सभी प्रतिभागियों के रहने तथा भोजन की व्यवस्था सरकार की ओर से की जाएगी। पुरस्कार के लिए नौ अक्तूबर को शाम चार बजे से नई दिल्ली में पूर्वाभ्यास होगा, जबकि 10 अक्तूबर को सुबह दस बजे भारत सरकार की ओर से पुरस्कार प्रदान किया जाएगा।