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पश्चिमशरीरा में महिला ने फांसी लगाकर दी जान

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Woman hanged herself in Paschimarira - फोटो : KAUSHAMBI
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पश्चिमशरीरा में महिला ने फांसी लगाकर दी जान
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परिवार को नहीं मिल रहा था सरकारी योजनाओं का लाभ, बरइन का पूरा गांव की घटना स्थिति
संवाद न्यूज एजेंसी
पश्चिमशरीरा (कौशाम्बी)। पश्चिमशरीरा कोतवाली क्षेत्र के बरइन का पूरा गांव में शनिवार सुबह एक महिला ने फांसी लगाकर जान दे दी। उसका पति पांच साल से बेड रेस्ट पर है। परिवार को किसी तरह की कोई सरकारी योजना का लाभ भी नहीं मिल रहा था। वहीं लॉकडाउन में स्थिति और भी ज्यादा खराब हो गई थी। घटना से पीड़ित परिवार में कोहराम मच गया।
सरसवां ग्राम सभा के मजरा बरइन का पूरा गांव की 28 वर्षीय पूजा देवी गृहिणी थी। उसके पति हीरालाल की करीब पांच साल से तबीयत खराब चल रही है। दो बार पथरी का ऑपरेशन हो चुका है। अभी भी वह चलने-फिरने में असमर्थ है। ग्राम प्रधानपति पिंटू मौर्य ने बताया कि पूजा के परिवार को किसी तरह की कोई सरकारी योजना का लाभ नहीं मिल रहा है। यहां तक की राशन कार्ड भी गंवई सियासियों ने कटवा दिया है। कुल छह बिस्वा खेत है। खेती और मजदूरी के सहारे पूजा किसी तरह परिवार का खर्च चलाती थी। इन दिनों दो जून की रोटी के भी लाले पड़ गए थे। साथ में पति का इलाज कराने की चिंता भी सता रही थी। इसी तनाव से परेशान होकर शनिवार सुबह घर के भीतर फांसी लगाकर पूजा ने जीवनलीला समाप्त कर ली। घटना की सूचना मिलते ही सीओ सिटी एसएन पाठक फोर्स लेकर मौके पर पहुंचे। पुलिस ने जांच के बाद शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। घटना के बाद से पीड़ित परिवारीजनों की रो-रोकर हालत खराब है।
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अब कौन देगा नरेंद्र और गुड्डू को सहारा
पश्चिमशरीरा। पूजा अपने पीछे बेड पर लेटे हुए पति हीरालाल के साथ बेटे नरेंद्र (4) और गुड्डू (2) को छोड़ गई है। मां की मौत के बाद से इन मासूमों की रो-रोकर हालत खराब है। इनकी स्थिति किसी से भी देखी नहीं जा रही है। गुड्डू को तो यही नहीं पता है कि उसके सिर से मां का आंचल सदा के लिए छिन गया है। घटना के बाद हर किसी की जुबान पर यही चर्चा थी कि पिता हीरालाल पहले से ही चलने-फिरने में असमर्थ है। अब मासूम बच्चों की परवरिश कौन करेगा।
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ग्रामीणों ने की प्रशासन से सहायता की मांग
पश्चिमशरीरा। हीरालाल छह भाई हैं। इन्हीं में से एक भाई ने उसे दो कमरे का मकान बनवाकर दे दिया था। इसी घर में वह बीवी-बच्चों के साथ रहता है। ग्रामीणों की मानें तो अन्य पट्टीदार हीरालाल का कुछ खास सहयोग नहीं करते थे। परिवार की गाड़ी पूजा ही चलाती थी। अब पूजा के बाद इस परिवार पर संकट के बादल छा गए हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को सहायता की मांग की है।
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इनका कहना है
आर्थिक तंगी से परेशान होकर महिला ने खुदकुशी की है। परिवार में किसी तरह का कोई विवाद नहीं था। उसका पति चलने-फिरने में असमर्थ है। शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। घटना की जानकारी आला अधिकारियों को दे दी गई है।-सच्चिदानंद पाठक-सीओ सिटी
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