बोर्ड परीक्षा के पहले दिन हाईस्कूल व इंटरमीडिएट के पांच हजार परीक्षार्थी परीक्षा केंद्र पर नहीं पहुंचे। पहले दिन ही दोनों पाली में गायब परीक्षार्थियों के आंकड़े ने प्रबंधतंत्र की नींद उड़ा दी है, वहीं अफसरों ने राहत की सांस ली है। अफसरों का मानना है कि नकल विहीन परीक्षा की तैयारियों को देखते हुए नकलची नहीं आए हैं। प्रशासन से अपनी कामयाबी बता रहा है। स्कूलों में नकल होती रही। वहीं उड़न दस्ते ने ताबड़तोड़ छापे भी मारे। डीआईओएस के अलावा अन्य अधिकारी भी स्कूलों का निरीक्षण करते रहे।
बोर्ड परीक्षा के पहले दिन हाईस्कूल व इंटरमीडिएट की हिंदी की परीक्षा थी। प्रथम पाली में हाईस्कूल के 27 हजार 378 परीक्षार्थियों को शामिल होना था। सुबह साढ़े सात बजे शुरू हुई परीक्षा के दौरान केंद्रों में भारी संख्या में कुर्सियां खाली रहीं। दोपहर बाद जब जिले के 112 केंद्रों से अनुपस्थित परीक्षार्थियों की रिपोर्ट आई तो आंकड़ा देख अफसर भी दंग रह गए। हाईस्कूल में कुल 3803 परीक्षार्थी पहले दिन ही परीक्षा से नदारद मिले। दूसरी पाली में आयोजित इंटरमीडिएट परीक्षा में सभी केंद्रों पर 16 हजार 509 परीक्षार्थियों को शामिल होना था। दूसरी पाली इंटर की परीक्षा में भी लगभग 1200 परीक्षार्थी गायब रहे। जिले के 112 केंद्रों पर परीक्षा के पहले दिन गायब रहे पांच हजार परीक्षार्थियों की संख्या को देख केंद्रों के प्रबंधतंत्र के जहां होश उड़ गए वहीं अफसर इसे अपनी बड़ी कामयाबी बता रहे हैं। उनका कहना है कि अनुपस्थित परीक्षार्थी नकल वाले थे। प्रशासन की रणनीति के आगे इनकी नहीं चली, इसलिए यह उपस्थित नहीं हुए। गुरुवार की सुबह सात बजे से अधिकारी टीम के साथ स्कूलों में धावा बोलने लगे थे। वहीं स्कूलों में जमकर नकल भी की गई। डीआईओएस ने कई केंद्रों का निरीक्षण किया।
खुलेआम परीक्षार्थियों से मांगे गए रुपये
मंझनपुर। प्रशासन के साथ ही माफियाओं ने भी अपने तेवर परीक्षार्थियों को दिखाना शुरू कर दिया है। परीक्षा केंद्रों में छात्रों से खुलेआम रुपये की मांग की गई। छात्रों को हिदायत दी गई है कि पहला दिन है, इसलिए वह कुछ नहीं कर रहे हैं। दूसरे पेपर की परीक्षा में यदि वह रुपये लेकर नहीं आए तो उनके साथ सख्ती से निपटा जाएगा।
बोर्ड परीक्षा के पहले दिन पांच हजार से ज्यादा परीक्षार्थियों ने परीक्षा छोड़ दी। इसके बाद भी शिक्षा माफियाओं के चेहरे पर सिकन नहीं है। वह परीक्षार्थियों को प्रताड़ित कर रुपये कमाने के लिए एड़ीचोटी का जोर लगाए हुए हैं। गुरुवार को पहली व दूसरी पाली में प्रबंधतंत्र के गुर्गों ने सभी कक्षों में घूम-घूम कर परीक्षार्थियों से रुपये की मांग की। कापी लिखाने का भाव खोल दिया गया है। 25 हजार रुपये से कम की मांग नहीं की जा रही है। कमरे में नकल कराने के लिए दस से 15 हजार रुपये सीधे परीक्षार्थी से मांगे जा रहे हैं। पहले दिन परीक्षार्थियों को रुपये लाने की चेतावनी दे दी गई है। इससे छात्र सहमे हुए हैं। प्रबंध तंत्र के गुर्गाें ने धमकी दी है कि यदि रुपये नहीं दिए गए तो सीटिंग प्लान बदल दिया जाएगा। उन्हें दूसरे कमरे में बैठाया जाएगा, जहां उनके साथ कक्ष निरीक्षक सख्ती से पेश आएंगे। इससे परीक्षार्थी बौखलाए हुए हैं।