जानलेवा हमले मामले में दो आरोपियों को दस साल की सजा
अदालत ने 10-10 हजार का अर्थदंड भी ठाेंका, ओसा गांव का मामला
अमर उजाला ब्यूरो
मंझनपुर। सदर कोतवाली क्षेत्र के ओसा गांव में करीब 12 साल पहले भूमि विवाद में ज्ञानसिंह को गोली मारने के दो आरोपियों को अदालत ने दस साल की सजा और 10-10 हजार का अर्थदंड की सजा सुनाई है।
अभियोजन के अनुसार वादी वीरेंद्र सिंह ने बताया कि तीन जुलाई 1997 की देर रात भूमि विवाद को लेकर छत पर सो रहे उसके भाई ज्ञानसिंह को गोली मार दिया था। फायर की आवाज पर नींद से जगे वीरेंद्र हमलावरों को देखा। इसी बीच आरोपी भाग निकले। ज्ञानसिंह को घायलावस्था में कोतवाली मंझनपुर लाया गया। पुलिस ने उसका इलाज कराया। मामले में पट्टीदार मुन्ना सिंह व मानसिंह के खिलाफ जानलेवा हमले की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। पुलिस ने विवेचना के बाद चार्जशीट अदालत में प्रस्तुत की। मामला त्वरित न्यायालय प्रथम प्रमोद कुमार चतुर्थ की अदालत में विचाराधीन था। शुक्रवार को अदालत ने मुन्ना सिंह व मानसिंह को दस-दस साल की सजा और 10-10 हजार का अर्थदंड की सजा सुनाई है। अभियोजन की तरफ से मुकदमे की पैरवी शासकीय अधिवक्ता अब्दुल लतीफ ने की। सात लोगों की गवाही कराई गई थी।