प्राथमिकी विद्यालय का निरीक्षण करते बीएसए डॉ. कमलेंद्र कुशवाहा। स्रोत: विभाग
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विकासखंड के सात परिषदीय विद्यालयों के औचक निरीक्षण में शिक्षा व्यवस्था की गंभीर खामियां सामने आईं। कई विद्यालयों में छात्र उपस्थिति बेहद कम मिली, तीन शिक्षक बिना सूचना के अनुपस्थित पाए गए, जबकि कई जगह शिक्षण कार्य प्रभावित मिला। बीएसए ने जिम्मेदार शिक्षकों और प्रधानाध्यापकों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए सुधार के निर्देश दिए।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. कमलेंद्र कुशवाहा ने मंगलवार को मंझनपुर ब्लॉक के सात विद्यालयों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान प्राथमिक विद्यालय गांधीनगर और मंझनपुर द्वितीय में तीन शिक्षक बिना सूचना के अनुपस्थित मिले। इनके विरुद्ध प्रतिकूल प्रविष्टि देते हुए निरीक्षण तिथि का वेतन अवरुद्ध कर दिया गया।
कई विद्यालयों में नामांकन की तुलना में छात्र उपस्थिति बेहद कम मिली और शिक्षकों की तरफ से बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने के लिए गंभीर प्रयास नहीं किए जा रहे थे।
भेलखा, कोड़र, टेवां और टेवां प्रथम विद्यालयों में भी अव्यवस्थाएं मिली हैं। कई प्रधानाध्यापकों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। टेवां प्रथम में कार्य पुस्तिका स्टोर में रखी मिलीं और सफाई व्यवस्था भी खराब पाई गई। बीएसए ने सभी संबंधित अधिकारियों और शिक्षकों को तत्काल व्यवस्थाएं सुधारने और छात्र उपस्थिति बढ़ाने के निर्देश दिए।
निरीक्षण में मिली सभी कमी पर नियमानुसार कार्रवाई की गई है। विद्यालयों में छात्र उपस्थिति बढ़ाने, शिक्षण व्यवस्था सुधारने और लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ आगे भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।
डॉ. कमलेंद्र कुशवाहा, बीएसए