मंझनपुर (ब्यूरो)। कौशाम्बी में रविवार को फिर से मौसम बिगड़ गया। पांच दिनों तक चटकी धूप के बाद रात से ही कोहरे की चादर तन गई थी। दोपहर बाद कोहरे की धुंध छटी, तो बारिश शुरू हो गई। बूंदाबांदी के बाद फिर से जाड़े का कहर शुरू हो गया है। अचानक ठंड बढ़ने से लोग बेहाल हैं।
कौशाम्बी में अबकी ठंड का कहर जारी है। माघ का महीना शुरू होते ही कड़ाके की ठंड से पूरा दोआबा ठिठुर गया था। पहाड़ों में हुई बर्फवारी के कारण भीषण शीतलहर और गलन से महीनेभर तक लोग परेशान रहे। सर्दी के सितम से जिले में 50 से ज्यादा लोगों की मौत भी हुई थी। इधर, पांच दिनों से धूप खिलने लगी थी। इससे दिन का पारा नौ डिग्री से चढ़कर 20 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था। पर, रात में ठंडी थी।
ठंड से कराह रहे लोगों को दिन में धूप निकलने से राहत मिली थी। पर, शनिवार की शाम से ही अचानक मौसम का मिजाज फिर से बिगड़ गया। आसमान में आकर बादलों ने डेरा जमा लिया था। इसके साथ ही रात में भीषण कोहरे की चादर भी तनी। कोहरे की धुंध जिले में रविवार को दोपहर तक रही। दोपहर बाद कोहरा छटा, तो बूंदाबांदी शुरू हो गई। बारिश होने से एक बार फिर ठंड ने अपने पांव पसार लिए हैं।
ठंड बढ़ने और बारिश के कारण बाजार और सड़कों पर शाम से पहले ही सन्नाटा पसर गया था। वहीं महगांव स्थित कृषि विज्ञान केंद्र के मौसम विभाग के मुताबिक दो दिन तक ऐसे ही मौसम रहेगा। साथ ही इससे ठंड भी बढ़ेगी। बता दें कि रविवार को बेमौसम हुई बारिश से किसान भी परेशान हैं। किसानों के मुताबिक बूंदाबांदी से गेहूं की फसल को तो फायदा होगा। पर, सरसों, अरहर, चना, मटर और सब्जी की फसलें बर्बाद होंगी।