मंझनपुर। स्वास्थ्य विभाग के अफसरों की गठित टीम ने शनिवार को सिराथू तहसील क्षेत्र के दो अल्ट्रासाउंड सेंटरों में छापामारी की। इस दौरान चिकित्सकों की टीम सेंटर में रखे अभिलेखों का बारीकी से मुआयना किया। चिकित्सकाें को सबकुछ ठीक-ठाक मिला।
सीएमओ ने बताया कि जांच में शिकायत की पुष्टि नहीं हुई है। फिर भी अल्ट्रासाउंड सेंटर के संचालकों को भ्रूण परीक्षण की शिकायत पर कड़ी कार्रवाई की हिदायत दे दी गई है।
निजी नर्सिंग होम के संचालकाें पर शिकंजा कसने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने अब अल्ट्रासाउंड सेटरों के संचालकाें की नकेल कसनी शुरू कर दी है।
इसीक्रम में जहां 29 नवंबर को सरायअकिल के दो अल्ट्रासाउंड सेटर की जांच की गई थी। वहीं शनिवार को पीसीपीएनडीटी के नोडल अधिकारी डॉ. बीएन कुशवाहा ने टीम के साथ सिराथू के हिना अल्ट्रासाउंड सेंटर और न्यू अमन अल्ट्रासाउंड सेंटर सैनी का औचक निरीक्षण किया।
सीएमओ डॉ. राजकुमार मिश्र ने बताया कि दोनों सेंटराें की बारीकी से जांच की गई। एक-एक अभिलेख खंगाले गए हैं। हालांकि जांच में सभी अभिलेख दुरुस्त पाए गए हैं। वहीं जांच टीम की अगुवाई कर रहे अपर मुख्य चिकित्साधिकारी ने बताया कि जांच में शिकायत की पुष्टि नहीं हुई है।
फिर भी केंद्र संचालकों को हिदायत दे दी गई है कि सेंटर पर भ्रूण परीक्षण किए जाने पर लाइसेंस निरस्त कराने के साथ ही एफआईआर भी दर्ज कराई जाएगी। उन्होंने बताया कि जन्म से पहले भ्रूण परीक्षण करना और कराना दोनाें अपराध की श्रेणी में आता है।