जिले में भीषण गर्मी और उमस ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। दिन में तेज धूप और रात में उमस भरी गर्मी से लोग बेहाल हैं। कृषि वैज्ञानिक डॉ. मनोज सिंह ने बताया कि बुधवार को अधिकतम तापमान 44 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
गर्म हवाओं और तपिश के कारण कूलर और पंखे भी राहत देने की बजाय आग उगलते महसूस हो रहे हैं। कृषि वैज्ञानिक के अनुसार आने वाले दिनों में भी इसी तरह की भीषण गर्मी और लू चलने की संभावना बनी रहेगी।
बुधवार दोपहर लोगों के मोबाइल पर गर्मी और लू को लेकर अलर्ट संदेश भी पहुंचा, जिससे लोग सतर्क होने के साथ परेशान भी दिखे। प्रशासन की ओर से दोपहर में जरूरी काम होने पर ही घरों से निकलने की सलाह दी गई।
भीषण गर्मी का असर बाजारों में भी साफ दिखाई दिया। दोपहर के समय बाजारों में सन्नाटा पसरा रहा और जरूरी काम से निकले लोग दुकानों व पेड़ों की छांव में खड़े होकर राहत पाने की कोशिश करते दिखे। सड़कों पर आवाजाही कम रही, जिससे बाजारों की रौनक फीकी पड़ गई। मंझनपुर मुख्यालय में सुबह से ही बार-बार बिजली की ट्रिपिंग होती रही। वहीं ग्रामीण इलाकों में रात और दोपहर के समय बिजली कटौती ने लोगों की मुश्किलें और बढ़ा दीं। बिजली न रहने से कूलर और पंखे बंद हो गए, जिससे लोग उमस और गर्मी से बेहाल रहे। रात में करीब चार घंटे की बिजली कटौती के कारण ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों की नींद भी प्रभावित हुई। संवाद