मंझनपुर (ब्यूरो)। द्वाबा के थानों में खड़े चोरी और पकड़े गए छोटे-बड़े वाहनों की नीलामी नहीं की जा रही है। विभागीय लापरवाही के चलते कार्रवाई नहीं किए जाने से वाहन थानों में पड़े-पड़े सड़ रहे हैं। पुलिस आंकड़ों के मुताबिक जिले के 12 थानों में 286 वाहनों की कार्रवाई लंबित पड़ी है। पुलिस उपमहानिरीक्षक ने एसपी को पत्र भेजकर लंबित पडे़ वाहनों की कार्रवाई का निर्देश दिया है।
पुलिस अफसरों की अनदेखी और थानेदारों की लापरवाही के चलते पुलिस द्वारा पकड़े गए वाहन थानों में खड़े-खड़े कबाड़ हो रहे हैं। पुलिस रिकार्ड के मुताबिक जिले के विभिन्न थानों में इस साल की शुरुआत में कुल 316 वाहन पड़े थे। इनमें से पुलिस सिर्फ 28 वाहनों को ही रिलीज करा सकी है। इसके अलावा अभी भी थानों में 286 दो पहिया और चार पहिया वाहन खड़े-खड़े धूप और बारिश के कारण बर्बाद हो रहे हैं।
बता दें कि थानों में पड़े वाहन वे हैं, जिन्हें पुलिस ने वाहन चेकिंग और चोरों के गिरोह से कब्जे में लिया है। इनमें से कई वाहन को कई-कई साल से थानों में सड़ रहे हैं। जिन्हें रिलीज कराने कोई नहीं आ रहा है। वहीं खुद पुलिस के अधिकारी भी इन वाहनों को नीलाम करवाने में तनिक भी गंभीरता नहीं दिखाती है। बता दें कि नवंबर महीने में मंझनपुर कोतवाली के मुआयने पर आए डीआईजी भगवान स्वरूप ने थाना परिसर में पड़े सड़ रहे वाहनों को देखकर नाराजगी भी जताई थी। लौटने के बाद उन्होंने पुलिस अधीक्षक को पत्र भेजकर थानों में लंबित पड़े वाहनों की कार्रवाई का निर्देश दिया है। डीआईजी का फरमान मिलने के बाद एसपी रतनकांत पांडेय ने सभी थानेदारों को कार्रवाई करने की हिदायत दी है।