मंझनपुर। निरोधात्मक कार्रवाई के बाद भी जिले के अफसर जन समस्याओं के निस्तारण को लेकर लापरवाह ही बने हैं। बुधवार को सीडीओ की समीक्षा में अफसरों की यह मनमानी सामने आई। समाज कल्याण अधिकारी समेत विकास विभाग के 11 अधिकारियों के पास ही 111 शिकायती पत्र लंबित पड़े हैं। इस पर सीडीओ ने सभी अफसरों को कड़ी फटकार लगाई है। उन्हें 16 मई तक शिकायतीपत्रों को निस्तारित कर रिपोर्ट देने का निर्देश दिया। चेताया कि निर्धारित समयसीमा ने शिकायतों का निस्तारण नहीं करने वाले अफसर के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
जनता दर्शन में आने वाले शिकायती पत्रों को लेकर शासन बेहद गंभीर है। साफ निर्देश है कि इन शिकायतों का समय से निस्तारण किया जाए। इसी शासनादेश के मद्देनजर अभी हाल ही में डीएम राजमणि यादव ने एसपी समेत 43 अधिकारियों के खिलाफ शिकायती पत्रों का निस्तारण नहीं करने पर निरोधात्मक कार्रवाई भी की थी। इसके बाद भी अधिकारियों की मनमानी बंद नहीं हुई।
डीएम की नोटिस जारी होने और निरोधात्मक कार्रवाई किए जाने के बाद भी जिला समाज कल्याण अधिकारी, जिला विकलांग कल्याण अधिकारी, डीपीआरओ आदि अफसरों के पास शिकायतें लंबित पड़ी हैं। इसके अलावा बीडीओ मंझनपुर के पास 34, बीडीओ सिराथू के पास 17, बीडीओ सरसवां के पास 25, बीडीओ चायल के पास दो, बीडीओ मूरतगंज के पास 14 और बीडीओ कौशाम्बी के पास चार शिकायतें लंबित हैं। इन्हें अफसर अब तक निस्तारित नहीं कर सके हैं। जन शिकायतों के निस्तारण की रिपोर्ट देखने के बाद बुधवार को सीडीओ बीएन मिश्र ने सभी अफसरों को कड़ी फटकार लगाई है। निर्देश दिया है कि 16 मई तक सभी शिकायती पत्रों का निस्तारण नहीं हुआ तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी।