मंझनपुर। भूमि अधिग्रहण समेत किसानों की अन्य समस्याओं को लेकर रालोद कार्यकर्ताओं ने बुधवार को कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। इससे पहले कार्यकर्ताओं ने मंझनपुर में बैठक करके भूमि अधिग्रहण, बिजली कटौती और धान के समर्थन मूल्य के मुद्दों पर केंद्र और राज्य सरकार की जमकर खिंचाई की। वहीं राष्ट्रपति को संबोधित चार सूत्रीय ज्ञापन अतिरिक्त मजिस्ट्रेट को दिया।
राष्ट्रीय लोकदल के कार्यकर्ताओं ने बुधवार को किसानों की समस्याओं को लेकर हुंकार भरी। केंद्र और राज्य सरकार पर किसानों की अनदेखी का आरोप लगाते हुए आरपार की लड़ाई का ऐलान किया। साथ ही राष्ट्रपति को संबोधित चार सूत्रीय ज्ञापन अतिरिक्त मजिस्ट्रेट को देकर भू्मि अधिग्रहण मामले में किसानों के साथ मनमानी बंद किए जाने, नगर पंचायतों में आधार कार्ड कैंप लगाने, धान का समर्थन मूल्य बढ़ाने, रोस्टर के अनुसार जिले में बिजली की आपूर्ति की मांग की गई। ज्ञापन देने के बाद कार्यकर्ताओं ने जिले में हो रही अंधाधुंध बिजली कटौती को लेकर एक्सईएन कार्यालय का भी घेराव किया। इससे पहले कार्यकर्ताओं की बैठक में जिलाध्यक्ष इमरान हैदर रिजवी ने कहा कि भूमि अधिग्रहण कानून में संशोधन किसानों की जमीन पूंजीपतियों के हाथों बेचने का कुचक्र है।
रालोद का मकसद किसानों की समस्याओं का समाधान कराना है। कहाकि केंद्र सरकार की ऐसी ही अन्य गलत नीतियों का रालोद कार्यकर्ता विरोध करते रहे हैं। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार ने चावल का निर्यात रोक दिया है। इससे धान का समर्थन मूल्य में गिरावट आ रही है। किसानों का 5000 रुपये प्रति क्ंिवटल बिकने वाला धान औने-पौने दाम पर खरीदा जा रहा है। जिले में बिजली की अंधाधुंध कटौती की जा रही है। वहीं नगर पंचायतों में आधार कार्ड बनाने का काम शुरू नहीं किया जा सका है। इससे लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इस मौके पर नजमुल हसन रिजवी, मोजिज अब्बास, अशरफ आजाद, भीम सरोज, कंधईलाल, चंदन सिंह, पंकज सिंह, बबलू यादव, हरिश्चंद्र मौर्य, मकसूद अहमद, राजकुमार, सुरेशचंद्र वर्मा आदि मौजूद रहे।