मंझनपुर। लॉकडाउन की वजह से लोगों का काम पूरी तरह से प्रभावित है। ऐसे में अब निजी स्कूल संचालक बच्चों से दो माह की स्कूल फीस नहीं वसूल सकेंगे। इस बाबत जिलाधिकारी ने स्कूल संचालकों को निर्देश जारी कर दिए हैं। साथ ही कहा है कि जुलाई माह से स्कूल फीस मासिक किश्तों में ली जाएगी।
कोरोना संक्रमण को रोकने के लिए सरकार की ओर से लॉकडाउन लागू किया गया है। ऐसे में उद्योग, व्यापार आदि सभी तरह के कारोबार बंद हो गए हैं। यहां तक कि ट्रेनें और बसें भी बंद हो गई हैं। संक्रमण के प्रभाव को रोकने के लिए स्कूल, कॉलेज भी बंद हो गए। ऐसे में सरकार की ओर से राहत पैकेज का भी ऐलान किया गया है। यह भी अपील की गई है कि मकान मालिक अपने किरायदारों से किराया न वसूलें। वहीं, अप्रैल माह में प्रवेश और नए सत्र की शुरुआत होती है, जिसमें पहले से ही अभिभावकों पर कोर्स, ड्रेस आदि का बोझ रहेगा।
ऐसे में स्कूल फीस भी अप्रैल में लॉकडाउन खुलने के बाद जमा की जाएगी, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति बिगड़ सकती है। ऐसे में जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने अभिभावकों को राहत देते हुए स्कूलों को अप्रैल और मई माह की फीस जमा करने के लिए दबाव नही बनाने का निर्देश दिया है। उन्होंने आदेश का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि यह फीस जुलाई माह से वसूली जा सकेगी, जो स्कूलों की ओर से आसान मासिक किस्तों के रूप में निर्धारित कर दी जाएगी। चेताया कि यदि आदेश का पालन नहीं किया जाता है, तो कार्रवाई की जाएगी।