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Kaushambi News: कौशाम्बी महोत्सव में उकेरा जाएगा राम का चरित्र

Fri, 07 Apr 2023 02:20 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कौशांबी
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51 वीं शक्तिपीठ कड़ा धाम के फसइया मैदान में शुक्रवार से तीन दिवसीय कौशाम्बी महोत्सव का आयोजन होगा। महोत्सव के सांस्कृतिक कार्यक्रमों का मुख्य आकर्षण कवि डॉ. कुमार विश्वास की राम कथा होगी। डॉ. विश्वास अपने-अपने राम शीर्षक पर तीन दिन अलग-अलग कथा सुनाएंगे। सियासी विश्लेषकों की मानें तो भाजपा सांसद व राष्ट्रीय मंत्री विनोद सोनकर कार्यक्रम के जरिए समाज के शोषित वंचित एवं अनुसूचित वोट बैंक को पार्टी के पक्ष में साधने की तैयारी में है।
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4 अप्रैल वर्ष 1997 को तत्कालीन बसपा सरकार में प्रयागराज जनपद से दोआबा को अलग कर कौशाम्बी जिले का गठन किया गया था। बसपा के सत्ता से बाहर होते ही तत्कालीन सपा सरकार के मुख्यमंत्री स्व. मुलायम सिंह यादव ने वर्ष 2004 में जिले का दर्जा खत्म कर कौशाम्बी को पुन: इलाहाबाद (प्रयागराज) मे शामिल कर दिया।
हालांकि, बाद में अदालत ने सपा सरकार के निर्णय को पलटकर कौशाम्बी का गौरव वापस दिलाया। इसके बाद से 18 लाख की आबादी वाले जिले को सामाजिक, राजनैतिक एवं आर्थिक गति मिलनी शुरू हो गई। जिजे में 3 तहसील एवं विधानसभा के अतिरिक्त एक लोकसभा सीट जनता की नुमाइंदगी को तय करती है।
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सियासी स्थिति पर नजर डालें तो अनुसूचित बहुल जनपद लगभग दो दशक तक बसपा के लिए अभेद्य दुर्ग रहा। 2017 के पहले तक विधानसभा चुनावों में तो बसपा का प्रदर्शन यहां शानदार रहता था। लेकिन संसदीय क्षेत्र में दो विधानसभा पड़ोसी जनपद की शामिल होने के कारण लोकसभा सीट सपा के कब्जे में रही। साल 2014 के बाद से पीएम मोदी की लहर में जिला भाजपा मय हो गया। नतीजतन भाजपा के विनोद सोनकर लगातार दूसरी बार सांसद हैं।
पार्टी ने विनोद को इसका इनाम देते हुए लगातार प्रमोट किया। वह इस समय पार्टी के राष्ट्रीय मंत्री हैं। ऐसे में 5 साल से बंद पड़े कौशाम्बी महोत्सव के जरिये पार्टी लोकसभा 2024 में अनुसूचित, शोषित एवं वंचितों का समागम करा कर सियासी लाभ बटोरना चाहती है। महोत्सव के कार्यक्रम की रूपरेखा भी कुछ इसी ओर इशारा कर रही है।
महोत्सव में डॉ. कुमार विश्वास राम कथा के जरिये अपने-अपने राम की व्याख्या करेंगे। आयोजक सांसद विनोद सोनकर का कहना है कि राम कथा का मकसद राम के सर्वव्यापी चरित्र को जन-मानस के सामने लाना है। इसके अलावा कार्यक्रम में 551 जोड़ो का सामूहिक विवाह एवं अंतिम दिन 2 हजार दिव्यांगों को नि:शुल्क उपकरण वितरित किया जाएगा।
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