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टूटा शिव का धनुष, राम की हुईं सिया

Mon, 15 Oct 2018 01:02 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, कौशाम्बी
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कड़ा। दारानगर की ऐतिहासिक रामलीला में रविवार को धनुष यज्ञ व सीता स्वयंवर की लीला हुई। इसे देखने के लिए लोगों की भारी भीड़ रही। कार्यक्रम के दौरान शिवधनुष टूटते ही पूरा मंचन स्थल जय श्रीराम के जयकारों से गूंज उठा। धनुष यज्ञ व सीता स्वयंवर लीला का मंचन म्योहरा गांव में हुआ। धनुष यज्ञ की लीला के दौरान जैसे ही भगवान राम ने धनुष को एक हाथ उठाकर प्रत्यंचा चढ़ाना चाहा वह दो खंडों में हो गया। धनुष के टूटते ही समूचा परिसर जय श्रीराम के उद्घोष से गूंज उठा।
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इसके बाद कलाकारों ने सीता स्वयंवर की लीला का मंचन किया। इस लीला को देख मौके पर मौजूद महिला-पुरुष भावविभोर हो उठे। कमेटी के संरक्षक मूल प्रकाश त्रिपाठी ने बताया कि सोमवार को वनवास की लीला फरीदगंज गांव में होगी।  

रावण-बाणासुर संवाद देख रोमांचित हुए दर्शक
चायल। स्थानीय तहसील नूरपुर गांव में दशहरा पर्व को लेकर रामलीला का मंचन कराया जा रहा है। शनिवार की रात लीला की शुरुआत रावण-बाणासुर संवाद से हुई। इस दौरान रावण व बाणासुर ने एक दूसरे को नीचा दिखाने के लिए जो संवाद किया उसे देख दर्शक ठहाके लगाते रहे। इसके बाद धनुष यज्ञ की लीला हुई। इस दौरान देश-विदेश के राजाओं ने धनुष उठाने की कोशिश की पर उसे हिला तक नहीं सके। राजाओं के इस पौरुष आजमाने के दृश्य को भगवान राम व लक्ष्मण गुरु विश्वामित्र के साथ ऊंचे आसन पर बैठकर देखते रहे।
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धनुष नहीं उठने पर जनक जी क्रोधित हो उठे और बोले क्या पृथ्वी वीरों से खाली हो चुकी है। जनक की इस बात को सुनकर लक्ष्मण जी क्रोधित हुए और धनुष उठाने के लिए बढ़े। इस पर गुरुवार विश्वामित्र ने उन्हें रोकते हुए भगवान राम को आदेश दिया। गुरू की आज्ञा पाकर भगवान राम धनुष उठाने पहुंचे। भगवान राम ने जैसे ही शिव धनुष तोड़ा वैसे ही मां सीता ने भगवान राम के गले में वरमाला डाल दिया। इस मंचन को देख दर्शक भावविभोर हो उठे और फूलों की वर्षा कर राम-सीता का स्वागत किया।

प्रभु राम बने दूल्हा और नगरवासी बराती
मंझनपुर। स्थानीय कस्बे में दशहरा पर्व को लेकर हो रही रामलीला में शनिवार की रात राम बारात निकाली गई। इसमें भगवान राम दूल्हा बने और पूरा नगर बराती रहा। इसके बाद कलेवा की लीला का मंचन किया गया। इसे देख दर्शक गदगद रहे। रामलीला का मंचन देखने के लिए स्थानीय कस्बे के अलावा बबुरा, पाता, कोड़र, ओसा समेत दर्जन भर गांवों से लोग आते हैं। लीला का मंचन देखने के लिए आए भक्तों से रामलीला मैदान खचाखच भरा नजर आया। मंचन के दौरान बारात में राम-लक्ष्मण की जोड़ी ने दर्शकों का मन मोह लिया। इसके बाद कलेवा के दौरान गालियां सुनकर दर्शक खूब आनंदित हुए।
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