विकास खंड कड़ा के दारानगर के ग्रामीणों ने बुधवार को जल निगम के जेई को बंधक बना लिया। जेई दोपहर में पंप देखने पहुंचे थे। ग्रामीणों ने दोपहर से शाम तक जेई को गांव में बैठाए रखा। पर जिले का कोई भी जिम्मेदार नहीं पहुंचा। इस दौरान ग्रामीण जिद पर अड़े रहे कि पाइप लाइन से आपूर्ति चालू होने के बाद ही जेई को छोड़ा जाएगा।
दारानगर व उसके आधा दर्जन मजरों को पेयजल मुहैया कराने के लिए 1970 में टंकी बनवाई गई थी। इस टंकी में लगा पंप भू-गर्भ जल स्तर नीचे खिसकने के चलते पानी छोड़ रहा है। सप्ताह भर से उत्पन्न समस्या के चलते लोगों को बूंद-बूंद पानी के लिए मशक्कत करनी पड़ रही है। बुधवार दोपहर जलनिगम के जेई शिवम यादव पंप के पानी छोड़ने का कारण जानने पहुंचे तो ग्रामीण पेयजल संकट से जूझ रहे ग्रामीण बिफर पड़े। पहले तो वह चुपचाप पंप पर खड़े रहे, लेकिन जब जेई ने बताया कि अब अधिक पाइप नहीं डाला जा सकता तो ग्रामीणा का गुस्सा फूट पड़ा। गांव के बब्लू साहू, टीबी पांडेय, महताब, पतन अवस्थी, जयमणि, वीरेंद्र, संदीप मिश्र आदि ने जेई को बंधक बनाकर बैठा दिया। समस्या का समाधन न निकलने तक बैठाए रखने की बात कही। बताया जाता है कि सूचना महकमे के जिम्मेदारों को दी गई, पर कोई भी मौके पर नहीं पहुंच सका। जेई ने जल्द कार्रवाई कराने का आश्वासन दिया तो शाम को उनको छोड़ दिया गया।