कड़ा में ब्लाक प्रमुख पद के चुनाव का जो माहौल बना हुआ है। उससे यहां सपा और उसके प्रमुख वोट बैंक माने जाने वाले यादवों के बीच ही मुकाबला होने की संभावना बनती जा रही है। पार्टी की ओर से प्रत्याशी की घोषणा से पहले ही एक संभावित उम्मीदवार के पक्ष में सपा के दिग्गज जुटे हैं। वहीं यादव बिरादरी अपनी जमात के संभावित दावेदार के साथ खड़ी नजर आ रही है। प्रमुख चुनाव को लेकर इलाके में चल रही सियासत चर्चा का विषय बनी है।
ब्लाक प्रमुख का चुनाव इसी महीने संभावित है। इसे लेकर दावेदार अपनी तैयारियों में जुटे हैं। प्रमुख चुनाव को लेकर सबसे ज्यादा सरगरमी विकास खंड कड़ा में देखने को मिल रही है। सपा की ओर से अभी प्रत्याशी की घोषणा नहीं हुई है। इससे पहले ही स्थानीय सपाइयों ने अपनी प्रतिष्ठा बनाकर एक प्रत्याशी को मैदान में उतार दिया है। इस प्रत्याशी को लेकर जहां पार्टी के स्थानीय दिग्गज एकराय दिख रहे हैं। वहीं पार्टी का असली चेहरा मानी जाने वाली यादव बिरादरी एक अन्य संभावित दावेदार के पाले में खड़ी नजर आ रही है।
इतना ही नहीं अपनी बिरादरी को प्रमुख पद पर बैठाने के लिए यह जमात लामबंद भी होने लगी है। इसके अलावा भाजपा और अन्य दल से जुड़े बीडीसी सदस्यों और गंवई राजनीति के माहिरों पर भी इस बिरादरी के लोग लगातार डोरे डालकर अपना माहौल बनाने में लगे हैं। इस खेमे की अगुवाई कड़ा के पूर्व ब्लाक प्रमुख कर रहे हैं। अब देखना है कि चुनाव में पूर्व प्रमुख की यह राजनीति कितना कारगर साबित होती है। फिलहाल सपा और यादव बिरादरी के दो संभावित उम्मीदवारों के मैदान में पूरी ताकत से उतरने से क्षेत्र का सियासी माहौल गरम बना है।
प्रमुख पद की कुर्सी हथियाने के लिए दोनों तरफ से बीडीसी सदस्योें के खरीद-फरोख्त भी शुरू होने की चर्चा है। दोनों संभावित उम्मीदवार सदस्यों को वोट के बदले एक दूसरे से ज्यादा प्रलोभन देने में पीछे नहीं है। कानाफूसी तो यहां तक है कि दोनों संभावित उम्मीदवार अपने-अपने पाले में आने वाले बीडीसी सदस्यों को टूर पर भेजने लगे हैं।