कोखराज इलाके में तीन लाख रुपये में नाबालिग बेटी का सौदा करने वाले माता-पिता सहित चार लोगों की तलाश पुलिस ने तेज कर दी है। वहीं, एफआईआर दर्ज होने के बाद पुलिस ने शुुक्रवार को पीड़िता का मेडिकल कराया।
तीन दिन पहले करारी इलाके में किशोरी का पांच लाख रुपये में सौदा किए जाने का मामला लोग भूल भी नहीं पाए थे कि कोखराज क्षेत्र में भी ऐसी सनसनीखेज घटना फिर सामने आई। कक्षा सात में पढ़ने वाली छात्रा को उसके माता-पिता ने नवंबर 2024 में हरियाणा के पानीपत शहर के रहने वाले 50 वर्षीय संदीप त्यागी के हाथ तीन लाख रुपये में बेच दिया था।
संदीप उसे अपने साथ ले गया और कैद करके रखता था। किसी तरह विश्वास दिलाते हुए किशोरी संदीप के साथ अपने माता-पिता के घर होली त्योहार पर आई। मां के साथ बाजार से खरीदारी करने के बहाने निकली और भागकर सरायअकिल में रह रही मौसी के यहां पहुंच गई।
मौसी की मदद से चाइल्ड लाइन व बाल कल्याण समिति ने इसे गंभीरता से लिया। सीडब्ल्यूसी अध्यक्ष कमलेश चंद्र के आदेश पर कोखराज पुलिस ने माता-पिता, संदीप व बिचौलिए के खिलाफ बृहस्पतिवार को केस दर्ज किया। मुकदमे की जानकारी होने पर सभी आरोपी फरार हो गए।
थानाध्यक्ष चंद्रभूषण मौर्य ने बताया कि थाने पर किशोरी का बयान दर्ज करने के बाद शुक्रवार को मेडिकल कराया गया। जल्द ही कोर्ट में बयान दर्ज करा लिया जाएगा। वहीं, एएसपी राजेश कुमार सिंह ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए थाना पुलिस के अलावा एसओजी टीम को भी निर्देशित किया गया है। जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
पीड़िता को पढ़ाएगा प्रशासन
सीडब्ल्यूसी अध्यक्ष कमलेश चंद्र ने बताया कि उनके आदेश पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है। डीएम व एसडीएम के अलावा जिला प्रोबेशन अधिकारी के साथ बैठक की गई है। पीड़िता का एडमिशन किसी बालिका आवासीय विद्यालय में कराया जाएगा। उसकी पढ़ाई की जिम्मेदार प्रशासन की होगी। इसके लिए पीड़िता की मार्कशीट मंगवाई गई है। जल्द ही प्रक्रिया पूरी कराई जाएगी। किशोरी फिलहाल मौसी के पास ही है। जल्द ही उसका संरक्षक तय किया जाएगा।