दोआबा के ग्रामीणों के लिए अच्छी खबर है। उन्हें अब मोबाइल, डीटीएच रिचार्ज एवं बैंकिंग सुविधा के लिए गांव के बाहर बाजारों, कस्बों में जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। यह सभी सुविधाएं अब उनके अपने गांव में ही राशन की दुकानों पर मिलेंगी। आपूर्ति विभाग ने राशन की दुकानों पर ईपॉस मशीन के जरिये ये सुविधाएं मुहैया कराना प्रारंभ कर दिया है। जिले में फिलहाल दो दर्जन दुकानों पर सेवाएं शुरू कर दी गई हैं। जल्द ही सभी 587 राशन डीलरों के यहां उपभोक्ताओं को सभी सुविधाएं मिलनी प्रारंभ हो जाएंगी।
कोरोना काल में सरकार ने तमाम तरह की योजनाएं चालू की है। अधिकतर का संबंध बैंकों से है। ऐसे में बैंकों से लेनदेन के लिए रोजाना शाखाओं में भारी भीड़ लग रही है। इससे संक्रमण फैलने का भी खतरा बना रहता है। दूसरा यह कि गांव से लोग दो-चार पांच सौ रुपये की जमा-निकासी के लिए भी सुदूर बैंकों का चक्कर लगाने को मजबूर हो रहे हैं। इससे ग्रामीणों का समय के साथ ही पैसा भी बर्बाद होता है। लेकिन अब ग्रामीण उपभोक्ताओं को इन सभी समस्याओं से निजात मिल जाएगी। दरअसल पूर्ति विभाग द्वारा आधार सत्यापन कराने के बाद दुकानों को इलेक्ट्रॉनिक व्यवस्था से जोड़कर उनका संपूर्ण आधुनिकीकरण कर दिया गया है।
दुकानों में लगी ई-पॉश मशीन को मिनी एटीएम में तब्दील कर दिया गया है। एक सितंबर 2020 से ई-पॉश मशीन के माध्यम से पैसे का लेनदेन जनसुविधा केंद्रों की तर्ज पर शुरू हो गया है। ग्रामीण क्षेत्र की दुकानों पर लगी ई-पॉश मशीनों में मनी ट्रांजिस्टिंग का एप लांच कर दिया गया है। इस एप के जरिये राशन की दुकानों पर किसी भी कंपनी का मोबाइल रिचार्ज, डीटीएच मनोरंजन, किसी भी बैंक में पैसे जमा करने या फिर निकालने की सुविधा शुरू कर दी गई है। ग्रामीण अब अपने गांव में ही किसी भी समय 10 हजार रुपये तक का लेनदेन आसानी से कर सकेंगे।