लोकसभा चुनाव के चलते करीब ढाई महीने से नए विकास कार्य धरातल पर नहीं उतर पा रहे हैं। पुराने कार्य ही चल रहे हैं। लेकिन, इनमें भी वह रफ्तार नहीं है, जो होनी चाहिए। मतगणना के बाद अब लोकसभा चुनाव का शोर शांत हो गया है। उम्मीद है कि जल्द ही विकास कार्यों को रफ्तार मिलेगी। अधिकारियों ने भी तैयारी शुरू कर दी है।
नगर पालिका परिषद मंझनपुर क्षेत्र में इंटरलाॅकिंग, नाली, पेयजल परियोजनाओं के सीमा विस्तार समेत 101 विकास कार्य होने हैं। राज्य वित्त की निधि के 20 करोड़ रुपये इन पर खर्च किए जाएंगे। मार्च में हुई नगर पालिका परिषद की बोर्ड की बैठक में इनके प्रस्ताव रखे गए थे, जिन्हें बोर्ड की मंजूरी मिल गई थी। अफसरों ने टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी थी। तब तक लोकसभा चुनाव की अधिसूचना जारी हो गई। इसके चलते प्रक्रिया अटक गई। इसी तरह नगर पालिका परिषद भरवारी के विस्तारित क्षेत्रों में मुख्यमंत्री नगर सृजन योजना के तहत दो करोड़ से 10 विकास कार्य होने हैं। इनमें इंटरलाॅकिंग और नाली निर्माण के कार्य शामिल हैं। मार्च में ही शासन से इन कार्यों को स्वीकृति मिली थी, लेकिन लोकसभा चुनाव के कारण बजट जारी नहीं हो पाया था। इसके अलावा भरवारी क्षेत्र के ही पल्हाना घाट में 50 लाख रुपये से प्रस्तावित अंत्येष्टि स्थल का निर्माण भी चुनाव के चक्कर में अटका है। इसका बजट स्वीकृत हो चुकाा है, सिर्फ काम शुरू होना बाकी है। दो नगर पालिका परिषदों से जुड़े यह मामले तो सिर्फ उदाहरण मात्र हैं। इसी तरह जिले की शेष आठ अन्य नगर पंचायतों में भी चुनाव के चलते तमाम नए विकास कार्य शुरू नहीं हो पा रहे हैं। किसी में बजट मिलना है तो किसी में स्वीकृति। उम्मीद है कि चुनाव के फेर में फंसे यह विकास कार्य जल्द ही धरातल पर दिखने लगेंगे।
मुख्यमंत्री नगर सृजन योजना से दो करोड़ के 10 कार्य, पल्हाना घाट पर 50 लाख से अंत्येष्टि स्थल का निर्माण समेत अन्य विकास कार्य होने हैं। आदर्श आचार संहिता लागू होने के कारण यह काम शुरू नहीं हो पा रहे थे। अब इनमें तेजी आएगी।
राम सिंह, ईओ, नगर पालिका परिषद, भरवारी
नगर क्षेत्र में राज्य वित्त के दो करोड़ बजट से करीब 101 काम होने हैं। लोकसभा चुनाव की घोषणा होने के कारण इनकी टेंडर प्रक्रिया अधूरी रह गई थी। अब इसे पूरी कराकर जल्द से जल्द विकास कार्य शुरू कराए जाएंगे।
ओंकार पटेल, जेई, नगर पालिका परिषद, मंझनपुर