अपर जिला जज (तृतीय) की अदालत ने बृहस्पतिवार को सरायअकिल कोतवाली के भखंदा गांव में चुनावी रंजिश में 25 साल पहले हुई हत्या के मामले की सुनवाई की। कोर्ट ने हत्या के दोषी सगे भाइयों को उम्र कैद की सजा सुनाने के साथ ही 25-25 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित करने का आदेश दिया है।
अभियोजन के अनुसार जमालपुर भखंदा निवासी लल्लन के पिता रामधीरज प्रधानी का चुनाव लड़े थे। मतदान के बाद 15 जून को विपक्षी बलराज, रामभवन, नत्थू, दहचालू, रमेश आदि लोगों ने बंदूक व तमंचा लेकर उसके घर पर धावा बोल दिया। गाली-गलौज होने पर उसके पिता बाहर निकले तो दो नाली बंदूक से गोली मार दी गई थी। सीने में गोली लगने से मौके पर ही उनकी मौत हो गई थी।
फायरिंग सुन लोग आए तो उन्हें निशान बनाकर फायरिंग की गई। इसमें लल्लू और खुद्दा उर्फ सूबेदार जख्मी हो गए। मृतक के बेटे की तहरीर पर नामजद मुकदमा दर्ज किया गया। पुलिस ने विवेचनात्मक कार्रवाई करते हुए आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया था। मुकदमा अपर जिला जज (तृतीय) की अदालत में चला। बृहस्पतिवार को दोनों पक्षों के बयान सुनने व पत्रावली में मौजूद साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद कोर्ट ने रमेश व उसके भाई दहचालू को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 25-25 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया।