छह साल पहले गठित नगर पंचायत दारानगर कड़ा धाम को विकसित करने के लिए आकांक्षी योजना को अमल में लाने के लिए सरकारी भूमि पर अतिक्रमण रोड़ा बना है। एक साल से डिजिटल लाइब्रेरी, पार्क, रैन-बसेरा, तालाब का सौंदर्यीकरण सहित पांच करोड़ की परियोजना अटकी हुई है।
कड़ा ब्लॉक के दारानगर, म्योहर, स्खतकडा , भानीपुर, नासिरपुर फरीदागंज सहित दस गांव को अलग कर वर्ष 2020 में दारानगर कड़ा धाम नगर पंचायत का गठन कर 15 वार्ड बनाएं गए हैं। वर्ष 2025-26 में क्षेत्र के विकास के लिए पांच करोड़ रुपये स्वीकृत हुए थे लेकिन आज तक योजना कागजों में ही फंसी है। दारानगर निवासी प्रभाकर शुक्ला का कहना है कि छह वर्ष पहले नगर पंचायत का दर्जा मिलने के बाद से अब तक बुनियादी सुविधाओं की कमी है। क्षेत्र में साफ-सफाई, बाजार में शौचालय, खेलकूद के मैदान, पार्क व पेयजल की अव्यवस्था बनी है।
हालांकि, अधिशासी अभियंता दिनेश कुमार सिंह का कहना है कि नगर पंचायत में 25 स्थानों पर पेयजल के लिए वाटर कूलर व सात सामुदायिक शौचालय बनाए गए हैं। दारा नगर के ही संजय पाठक का कहना है कि नगर पंचायत का दर्जा तो मिल गया पर नगर की तर्ज पर विकसित नहीं किया गया है। जबकि लोगों से पेयजल, हाउस टैक्स सहित अतिरिक्त कर लिया जाता है।
दर्शनार्थियों को पानी की दिक्कत
कड़ा धाम के आत्माराम पंडा उर्फ टिंकू बताते हैं कि मंदिर के पीछे दो वाटर कूलर लंबे समय से खराब पड़े हैं। संतोषी माता मंदिर के पास लगा वाटर कूलर ठंडा पानी नहीं देता। दर्शनार्थियों को दिक्कत होती है। समस्या बताई पर सुनवाई नहीं हुई।
आकांक्षा योजना से विकसित करने के लिए नगर में होने वाले विकास कार्यों पर शासन ने प्रस्ताव बनाकर भेजने को कहा है। नगर पंचायत के नाम सुरक्षित अधिकांश भूमि पर अतिक्रमण होने के चलते परियोजना अटकी हुई है। 20 बीघे जमीन की आवश्यकता है। एसडीएम सिराथू को पत्र भेजकर नगर पंचायत की भूमि की पैमाइश कर चिह्नांकन करने की मांग की गई है।
-दिनेश कुमार सिंह, अधिशासी अभियंता
संजय पाठक दारानगर- फोटो : 1