चायल क्षेत्र के पन्ना का पुरवा गांव के ग्रामीणों ने सरकारी तालाब की भूमि बेचे जाने का आरोप लगाते हुए शुक्रवार को डायट मैदान में अनशन शुरू कर दिया। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में स्थित 12 बिस्वा तालाब की भूमि को राजस्व अभिलेखों में हेरफेर कर दो व्यक्तियों के नाम प्लॉट के रूप में दर्ज कर दिया गया है।
चायल क्षेत्र के पन्ना का पुरवा गांव के ग्रामीणों ने सरकारी तालाब की भूमि बेचे जाने का आरोप लगाते हुए शुक्रवार को डायट मैदान में अनशन शुरू कर दिया। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में स्थित 12 बिस्वा तालाब की भूमि को राजस्व अभिलेखों में हेरफेर कर दो व्यक्तियों के नाम प्लॉट के रूप में दर्ज कर दिया गया है। शिकायत के बाद दोनों आरोपियों के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज हुई। तहसील स्तर पर हुई जांच में विवादित भूमि को तालाब घोषित किया जा चुका है, इसके बावजूद भी अब तक आरोपियाें पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है।
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ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि बृहस्पतिवार रात एसडीएम मंझनपुर ने अनशन पर बैठे पवन कुमार पांडेय को जबरन उठवा लिया। इसके विरोध में शुक्रवार को बड़ी संख्या में ग्रामीण अनशन पर बैठ गए और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। ग्रामीणों का कहना है कि डीएम डॉ. अमित पाल से वार्ता होने पर आश्वासन अवश्य मिला है। लेकिन, जब तक दोषी अधिकारियों और जिम्मेदारों पर कार्रवाई नहीं की जाती, अनशन जारी रहेगा।
इस संबंध में एसडीएम सदर एसपी. वर्मा ने बताया कि अनशन पर बैठे लोगों को समझाकर घर भेजा गया है। शनिवार को राजस्व विभाग की टीम गांव भेजकर मामले की जांच कराई जाएगी और रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।