मनचाहे स्कूल में तैनाती के नाम पर धन उगाही मामले में दो शिक्षकों की धरपकड़ से कौशाम्बी में बेसिक शिक्षा विभाग के अध्यापकों में जबरदस्त गुस्सा है। तीन दिनों से उच्चाधिकारियों का घेराव कर रहे शिक्षकों ने बृहस्पतिवार को जनपद के सभी स्कूलों में तालाबंदी करके हड़ताल शुरू कर दिया। एलान है कि जब तक एसओजी टीम को बर्खास्त और एएसपी का स्थानांतरण नहीं किया जाएगा, वे स्कूलों का ताला नहीं खोलेंगे। स्कूलों में तालाबंदी के कारण घंटों बच्चे स्कूल के बाहर घूमते-खेलते रहे।
मनपंसद स्कूलों में तैनाती के नाम पर शिक्षकों से वसूली के आरोप में 26 दिसंबर की दोपहर एसओजी टीम ने बीएसए कार्यालय के समीप से प्राथमिक स्कूल के दो अध्यापकों को धरदबोचा था। पुलिस के मुताबिक कार से आए अध्यापकों की तलाशी लेने पर इनके पास से 65 हजार रुपये की बरामदगी भी हुई थी। यह रकम इन अध्यापकों ने सरसवां ब्लाक के दो शिक्षकों से मनपंसद स्कूल में स्थानांतरण के नाम पर वसूली थी। मामले में दोनों अध्यापकों को बीएसए ने सस्पेंड कर दिया था। पूछताछ के बाद पुलिस ने इन अध्यापकों को छोड़ दिया।
वहीं घटना के दूसरे दिन ही पुलिस पर फर्जी कार्रवाई का आरोप लगाते हुए अध्यापकों का गुस्सा फूट पड़ा। शिक्षक संघ के बैनर तले बेसिक शिक्षा विभाग के जिलेभर के अध्यापक जुट गए और अफसरों का घेराव करते हुए एसओजी टीम की बर्खास्तगी, एएसपी के स्थानांतरण की मांग करने लगे। तीन दिनों तक अफसरों के दफ्तर के सामने हुंकार भरने वाले जनपद के 4800 शिक्षकों ने बृहस्पतिवार से जिले के सभी 1400 प्राथमिक स्कूलों में तालाबंदी करके हड़ताल शुरू कर दी। अध्यापकों की इस तालाबंदी से बृहस्पतिवार को स्कूल आने वाले बच्चे स्कूल परिसर और आसपास घूमने के बाद घर लौट गए।