फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kaushambi: पावर हाउस के जेई को विजिलेंस ने घूस लेते रंगे हाथों पकड़ा, घरेलू कनेक्शन के लिए मांग रहा था 10 हजार

Fri, 02 May 2025 03:47 PM IST
विनोद सिंह संवाद न्यूज एजेंसी, कौशाम्बी

सार

विद्युत विभाग के अवर अभियंता आकाश सिंह को पुलिस ने शुक्रवार को घूस लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। इससे बिजली विभाग में हड़कंप मचा रहा। आकाश सिंह पश्चिम शरीरा पावर हाउस पर बतौर अवर अभियंता तैनात हैं। 
विज्ञापन
आकाश सिंह, अवर अभियंता विद्युत उपकेंद्र पश्चिम शरीरा। - फोटो : संवाद।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

प्रयागराज से आए भ्रष्टाचार निवारण संगठन के अफसरों ने शुक्रवार को पश्चिमशरीरा विद्युत उपकेंद्र में कनेक्शन के नाम पर 10 हजार रुपये रिश्वत लेते अवर अभियंता व संविदा लाइनमैन को गिरफ्तार किया। दोनों के खिलाफ मंझनपुर कोतवाली में केस दर्ज कराकर पूछताछ की जा रही है।

विज्ञापन


महेवाघाट निवासी पूर्व प्रधान मनोज कुमार ने अधिकारियों को बताया कि वह प्रयागराज के धूमनगंज अंतर्गत कालिंदीपुरम निवासी सावित्री देवी पत्नी ध्यान सिंह पश्चिमशरीरा कस्बा स्थित वार्ड 13 संतगाडगे नगर में अपना मकान बनवा रही हैं। इसकी देखभाल वह करते हैं। मनोज के मुताबिक मकान में बिजली कनेक्शन के लिए छह माह पहले ऑनलाइन आवेदन किया था।

आरोप लगाया कि पश्चिमशरीरा उपकेंद्र के अवर अभियंता के पद पर तैनात एयरपोर्ट के कादिलपुर निवासी आकाश सिंह ने संविदा लाइनमैन मंजीत कुमार निवासी बलीपुर टाटा चरवा के माध्यम से कनेक्शन के नाम पर सरकारी फीस तीन हजार नहीं, पांच हजार रुपये मांगे थे। लाइनमैन के कहने पर मनोज ने रुपये दिए।
विज्ञापन


पांच हजार रुपये पाकर जेई ने मौखिक रूप से बिना कनेक्शन बिजली इस्तेमाल करने के लिए कह दिया। मनोज बीते दिनों कनेक्शन के लिए दोबारा जेई व लाइनमैन के पास पहुंचे तो उन दोनों ने छह माह तक चोरी से बिजली इस्तेमाल करने के बदले 30 हजार रुपये और देने की बात कही।

विज्ञापन

उनकी बातें सुनकर हैरत में पड़े मनोज ने खुद को किसी तरह संयत किया। फिर, मिन्नत की तो लाइनमैन ने जेई को 10 हजार रुपये रिश्वत देकर नए सिरे से कनेक्शन दिलाने की बात कही। पीड़ित पूर्व प्रधान मनोज ने इसकी शिकायत भ्रष्टाचार निवारण संगठन प्रयागराज के अफसरों से की।

ट्रैप टीम प्रभारी निरीक्षक अंजली यादव ने इसे गंभीरता से लिया और शुक्रवार की दोपहर करीब पौने दोे बजे टीम के साथ आमजन बनकर पश्चिमशरीरा उपकेंद्र पहुंच गईं। उन्होंने बताया कि मनोज कुमार ने एक कमरे में लाइनमैन मंजीत के हाथों 10 हजार रुपये जेई आकाश सिंह को दिलवाए। इस बीच उन्होंने टीम में शामिल निरीक्षक राकेश बहादुर सिंह, एक उपनिरीक्षक, एक मुख्य आरक्षी व पांच आरक्षी के साथ जेई व लाइनमैन को रंगे हाथ रिश्वत लेते पकड़ लिया। दोनों को मंझनपुर कोतवाली लाया गया।

मंझनपुर के प्रभारी निरीक्षक संजय तिवारी ने बताया कि निरीक्षक अंजली यादव की तहरीर पर दोनों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। दोनों से पूछताछ की जा रही है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें