क्षेत्र में मंगलवार रात आई तेज आंधी और बारिश ने कड़ा क्षेत्र के बागवानों की उम्मीदों पर पानी फेर दिया। तेज हवाओं के कारण आम के पेड़ों पर लगे छोटे-छोटे कच्चे आम बड़ी संख्या में टूटकर जमीन पर गिर गए। इससे बाग मालिकों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है।
बागवानों का कहना है कि जमीन पर गिरे कच्चे आम फट गए हैं, जो न तो खाने लायक हैं और न ही बाजार में बेचने योग्य हैं। इस नुकसान से बागवानों के चेहरों पर चिंता और मायूसी साफ दिखाई दे रही है।
दो बाग ठेके पर ले रखा हूं। पहले ही इस साल आम की पैदावार कम थी, लेकिन रात की तेज आंधी ने जो थोड़े बहुत आम लगे थे उन्हें भी गिरा दिया। जमीन पर गिरे छोटे आम किसी काम के नहीं हैं। -सरफराज अहमद, फतेह शाह पुरवा
दशहरी आम की बड़ी बाग ले रखी है। अचानक आई आंधी से पेड़ों पर लगे ज्यादातर आम टूटकर गिर गए। गिरे हुए आम बहुत छोटे हैं और फट गए हैं, इसलिए उन्हें बाजार में बेचना भी संभव नहीं है। -गुलाब सोनकर, फरीदगंज
रात की तेज हवा और बारिश के कारण पेड़ों से काफी मात्रा में कच्चे आम गिर गए। ये आम अभी बहुत छोटे हैं, इसलिए न खाने के काम आ रहे हैं और न ही बाजार ले जाए जा सकते हैं। - प्रहलाद कुमार, फरीदगंज
तेज आंधी और बारिश के दौरान छोटे फलों का गिरना सामान्य बात है। किसानों को सलाह दी गई है कि बागों की नियमित देखभाल करें और पेड़ों को पोषण देने के लिए आवश्यक खाद व दवाओं का प्रयोग करें, ताकि शेष फलों का विकास बेहतर हो सके और आगे नुकसान कम हो। -डॉ. मनोज कुमार सिंह, कृषि वैज्ञानिक
कड़ा ब्लाक के फरीदगंज में आम का बगीचा। संवाद- फोटो : Police
कड़ा ब्लाक के फरीदगंज में आम का बगीचा। संवाद- फोटो : Police
कड़ा ब्लाक के फरीदगंज में आम का बगीचा। संवाद- फोटो : Police