मुख्यमंत्री के निर्देश पर जिले में लागू हौसला पोषण योजना के तहत आंगनबाड़ी केंद्रों पर पौष्टिक भोजन परोसने की तैयारी पूरी हो गई है। तीन अगस्त से गर्भवती महिलाओं और अतिकुपोषित बच्चों को प्राइमरी के मेन्यू के हिसाब से दोपहर का भोजन परोसा जाएगा। इसके साथ महिलाओं और बच्चों को एक-एक मौसमी फल का वितरण भी होगा।
दोआबा के ग्रामीण क्षेत्रों में कुल 1649 आंगनबाड़ी केंद्र हैं। इन आंगनबाड़ी केंद्रों पर गांव की गर्भवती महिलाओं और अति कुपोषित बच्चों के स्वास्थ्य का ख्याल रखते हुए पौष्टिक भोजन परोसा जाना है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर हौसला पोषण योजना की शुरुआत तीन अगस्त बुधवार को जिले में एक साथ होगी। इसके लिए सभी आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों का संबंधित ग्राम प्रधानों के साथ खाता खुलवाया जा चुका है।
सोमवार को सीडीओ डीके सिंह ने डीपीओ और सभी सीडीपीओ के साथ बैठक कर अब तक की तैयारी का जायजा लिया। बैठक में डीपीओ राकेश मिश्र ने बताया कि कार्यक्रम की शुरुआत डीएम अखंड प्रताप सिंह अपने गोद लिए गांव तियरा जमालपुर से करेंगे। योजना के सुचारु रूप से क्रियान्वयन के लिए ब्लॉक वार नोडल अधिकारी बनाए गए हैं। महिलाओं को मिड-डे-मील मेन्यू के मुताबिक गरम भोजन, एक मौसमी फल और बुधवार से शुक्रवार तक भोजन के साथ दही परोसा जाएगा।
इसी तरह अति कुपोषित छह माह से तीन साल तक के बच्चों को हॉट कुक्ड मेन्यू के मुताबिक भोजन, 20 ग्राम घी, एक मौसमी फल तथा तीन से छह साल तक के बच्चों को सुबह के भोजन के अलावा शाम के नाश्ते में ग्लूकोज बिस्किट और मुरमुरा चना दिया जाएगा। सीडीओ ने योजना को एक साथ सभी आंगनबाड़ी केंद्रों में शुरु करने का निर्देश बैठक में मौजूद मातहतों को दिया है।