नगर पंचायत पूरब-पश्चिमशरीरा में कई जगह सरकारी भूमि पर लोगों ने कब्जा कर लिया है। एक जगह तो दो बीघे से अधिक भूमि कब्जेदारों से मुक्त कराकर नगर पंचायत ने फेंसिंग कराई थी। इसके बाद भी यह जमीन सुरक्षित न रह सकी। भूमाफिया ने फेंसिंग तोड़कर फिर से इस जमीन पर कब्जा कर लिया है। यही नहीं अफसरों को फर्जी तरीके से इसके बैनामे की सूचना भी मिली है। अब अफसरों ने इन पर कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी है।
नगर पंचायत पूरब-पश्चिमशरीरा क्षेत्र में निधियावां रोड पर परसिया तिराहे के पास दो बीघे से अधिक सरकारी भूमि है। यह सरकारी दस्तावेजों में तालाब के रूप में दर्ज है। इस भूमि पर आम के कई पेड़ खड़े हैं। इसी के पास दूसरे काश्तकार की भूमिधरी जमीन भी है।
अधिशासी अधिकारी निशंक भास्कर ने बताया कि इस सरकारी भूमि पर पहले से ही कब्जा था। करीब डेढ़ वर्ष पहले यहां तैनात रहे तत्कालीन ईओ ने इसे अवैध कब्जेदारों से मुक्त कराया था। इसके बाद सुरक्षा के लिए भूमि की फेंसिंग भी कराई थी। लेकिन, भूमाफियाओं ने इस पर फिर से कब्जा कर लिया। नगर पंचायत की ओर से इस जमीन के चारों तरफ बंधवाए गए तार भी तोड़ दिए। ईओ ने बताया कि हाल ही में निरीक्षण के दौरान यह मामला जानकारी में आया।
इसके बाद सोमवार को लेखपाल से जांच कराई गई। इसमें सूचना सही निकली। पता यह भी चला है कि भूमाफिया ने अवैध तरीके से इस सरकारी भूमि का बैनामा भी करा लिया है। इसके अलावा कस्बे में करीब सात जगह और भी लोगों ने अतिक्रमण कर रखा है। लेकिन, परसिया चौराहे की अपेक्षा यहां अवैध कब्जे वाली भूमि काफी कम है। इस संबंध में अपर जिलाधिकारी व उपजिलाधिकारी से दिशा निर्देश लिए जाएंगे। बाग समेत नगर पंचायत की पूरी भूमि अवैध कब्जेदारों से मुक्त कराई जाएगी। बैनामा भी निरस्त कराया जाएगा।