शराब से खराब हुए लिवर के मरीजों का कर रहा हूं इलाज
मेड़ई कल्याणी सेवा ट्रस्ट के कार्यक्रम में शामिल होने आए प्रदेश सरकार के स्वास्थ्य मंत्री की फिसली जुबान
मंझनपुर (कौशाम्बी)। मूरतगंज ब्लॉक के पट्टी नरवर गांव में शनिवार को मेड़ई कल्याणी सेवा ट्रस्ट के ग्राम गौरव कार्यक्रम में शिरकत करने आए प्रदेश सरकार के चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री जय प्रताप सिंह की जुबान फिसल गई। अपनी उपलब्धियां गिनाने के दौरान मंत्री ने कहा कि पहले वह आबकारी मंत्री थे, तब शराब बिक्री से 31 हजार करोड़ रुपये सरकारी खजाने में जमा कराए। जब लोगों का लिवर खराब होने लगा तो मुझे चिकित्सा मंत्री बनाया गया और अब मैं उनका इलाज कर रहा हूं।
हालांकि बाद में खुद को संभालते हुए चिकित्सा मंत्री ने अपनी बात आगे बढ़ाई। कहा कि सरकारी अस्पतालों से निजी चिकित्सालयों में मरीजों को रेफर किए जाने की शिकायतों पर कार्रवाई की गई है और ये कार्रवाई भविष्य में भी जारी रहेगी। स्वास्थ्य मंत्री ने प्रदेश में डॉक्टरों की कमी की बाबत कहा कि सरकारी डॉक्टर के रूप में नियुक्ति के बाद ड्यूटी नहीं ज्वाइन करने वाले चिकित्सकों की बर्खास्तगी की गई है। लगभग 200 डॉक्टरों की अब तक बर्खास्तगी की जा चुकी है। कार्यक्रम में पशुधन विकास मंत्री जय प्रकाश निषाद ने भी लोगों को संबोधित कर गोशाला और गोसंरक्षण के बारे में जानकारी दी। लोक निर्माण विभाग के राज्यमंत्री व जिले के प्रभारी मंत्री चंद्रिका प्रसाद उपाध्याय ने कहा कि प्रदेश सरकार किसानों की आय बढ़ाने को लेकर संकल्पित है। किसान गोमूत्र व गोबर से बनी खाद का इस्तेमाल कर जीरो बजट पर ज्यादा मुनाफा कमा सकते हैं। इस दौरान सिराथू विधायक शीतला प्रसाद पटेल, भाजपा जिलाध्यक्ष रमेश पासी, पूर्व एमएलसी बृज भूषण कुशवाहा मौजूद रहे।