एसआईटी ने जांच की तो हकीकत से पर्दा उठ गया। जांच रिपोर्ट के अनुसार कर्नाटक के मणिपाल विश्वविद्यालय से संबद्ध राष्ट्रीय बौद्धिक दिव्यांगजन सशक्तिकरण संस्थान सिकंदराबाद (तेलंगाना) से जारी डीईडी (डॉक्टर ऑफ एजूकेशन) का फर्जी दस्तावेज लगा हुआ है। एसआईटी ने बीएसए कौशाम्बी को पत्र लिखकर शिक्षिका के खिलाफ कार्रवाई का निर्देश दिया।
इस पर बीएसए प्रकाश सिंह ने विभागीय औपचारिकता पूरी करने के बाद बुधवार को आरोपी शिक्षिका को बर्खास्त कर दिया। शुक्रवार को एबीएसए सिराथू जवाहर यादव की तहरीर पर कोखराज कोतवाली पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर फरार शिक्षिका की तलाश शुरू कर दी है।