बकरीद के कारण कस्बे की बकरा बाजार इन दिनों पूरी तरह गुलजार है। बाजार में सबसे ज्यादा मांग देसी बकरों की रही, जिनकी कीमत 10 हजार से 30 हजार रुपये तक पहुंची।
बकरीद के कारण कस्बे की बकरा बाजार इन दिनों पूरी तरह गुलजार है। बाजार में सबसे ज्यादा मांग देसी बकरों की रही, जिनकी कीमत 10 हजार से 30 हजार रुपये तक पहुंची। वहीं तोतापरी और अलबरी नस्ल के बकरे 40 हजार रुपये तक बिके।
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सुबह छह बजे से दस बजे तक लगने वाली बाजार में सोमवार को खरीदारों और विक्रेताओं की भारी भीड़ देखने को मिली। कस्बे के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के पास सजने वाली इस बाजार में जसवंत नगर की तोतापरी और पहाड़ी चित्रकूट के बकरे आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं। सबसे महंगे बकरों में तोतापरी नस्ल सबसे आगे रही।
बाजार में जलावादी, नाची, सिरोही, बीतल, सोजत और सुरती नस्ल के बकरों की भी अच्छी मांग देखी गई। हालांकि देसी नस्ल के बकरों की खरीद सबसे अधिक रही।
पशुपालक मुश्ताक अहमद ने बताया कि बाजार में 10 हजार से लेकर 40 हजार रुपये तक के बकरे बिके। वहीं समसुल, सूबेदार और सैयादे ने बताया कि बकरीद नजदीक आते ही बाजार में रौनक लगातार बढ़ रही है और हर दिन बड़ी संख्या में लोग खरीदारी के लिए पहुंच रहे हैं।