मंझनपुर। खरीफ की प्रमुख फसल धान खरीद का लक्ष्य पूरा होते-होते रुक गया। सप्ताह भर से क्रय केंद्रों पर बोहनी नहीं हो रही है। किसानों के नहीं आने पर क्रय केंद्र प्रभारी भी ताला लटकाकर घूम रहे हैं। खरीद की तारीख खत्म होने में पांच दिन ही शेष रह गए हैं। ऐसे में लक्ष्य पूर्ति को लेकर महकमे के अधिकारी-कर्मचारी धान की तलाश कराना शुरू कर दिए हैं।
जिले के किसानों की खरीफ की प्रमुख उपज धान खरीद के लिए शासन ने 47800 मीट्रिक टन का लक्ष्य निर्धारित किया था। लक्ष्य के मुताबिक धान खरीद की जिम्मेदारी खाद्य विपणन विभाग को दी गई थी। शासन से लक्ष्य मिलने के बाद विपणन विभाग ने जिले में 46 क्रय केंद्र खुलवाकर एक नवंबर से खरीद शुरू कराई। अब तक विभाग के सभी केंद्रों पर 45 हजार मीट्रिक टन धान की खरीद ही हो सकी है जो लक्ष्य का 95 फीसदी ही है। पांच फीसदी धान की खरीद के लिए क्रय केंद्रों धान नहीं पहुंच रहा है।
सप्ताह भर से क्रय केंद्रों पर धान की बोहनी न होने और खरीद बंद करने की तिथि नजदीक आती देख जिला खाद्य विपणन अधिकारी हैरान-परेशान हैं। उन्होंने पांच दिन के भीतर लक्ष्य के मुताबिक धान खरीद करते हुए 28 फरवरी को अंतिम रिपोर्ट तलब किया है। आरएमओ का पत्र मिलने के बाद लक्ष्य पूर्ति को लेकर क्रय केंद्र प्रभारियों में हड़कंप है। जिनका लक्ष्य पूरा नहीं हो सका वह गांव-गांव धान की तलाश करने में जुट गए हैं।