कोखराज के पट्टी नरवर गांव में मिट्टी का ढूहा धसकने से दो महिलाओं की मौत हो गई। रविवार की सुबह दोनों घर की पुताई के लिए मिट्टी खोदने गई थी। चीख सुन घटना स्थल पर पहुंचे लोग जब तक मलबे में दबी महिलाओं को बाहर निकालकर अस्पताल ले जाते उनकी सासें थम गईं। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। हादसे के बाद से मृतकों के परिजनों का रो-रोकर हाल बेहाल है।
कोखराज थाना क्षेत्र के परऊमियां का पुरवा (पट्टी नरवर) गांव की रहने वाली विट्टन देवी उर्फ सोनिया (45) पत्नी मुन्नू लाल रविवार की सुबह पड़ोस में रहने वाली रीता देवी (20) पुत्री बलजोर सिंह के साथ घर की पुताई के लिए ईदगाह के समीप टीले पर मिट्टी खोदने गई थी। मिट्टी खुदाई के दौरान मिट्टी का ढूहा धसकने से दोनों महिलाएं मलबे में दब गईं। चीख पुकार सुन आस-पास मौजूद गांव के लोग भागकर मौके पर पहुंचे। आनन-फानन में लोगों ने मलबा हटाते हुए दोनों को बाहर निकाला। जब तक लोग घायलों को अस्पताल ले जाते दोनों की मौत हो गई। हादसे की सूचना मिलते ही घर-परिवार के लोग रोते बिलखते घटना स्थल पर पहुंचे। सूचना पर पहुंची पुलिस ने जांच पड़ताल के बाद शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
दीवाली की खुशी से पहले छाया मातम
दीपावली पर्व पर कच्चे घर को रंगने के लिए दोनों परिवार के सदस्य जुटे थे। इसीलिए विट्टन व रीता ईदगाह के समीप मिट्टी निकालने के लिए गई थी। उन्हें क्या पता था कि आज उनका आखिरी दिन है। दोनों मिट्टी खोद ही रही थीं कि ढूहा भरभराकर उनके ऊपर बैठ गया। जिसके मलबे में दोनों दब गई। हादसे के बाद मृतकों के घरों में दीवाली की खुशी की जगह मातम पसर गया है।