कौशाम्बी इलाके की एक युवती के साथ दरिंदगी करना गांव के दो युवकों को महंगा पड़ा है। इन युवकों ने दो महीने पहले घर में घुसकर दुराचार किया था। थाने और पुलिस अफसरों द्वारा कार्रवाई नहीं किए जाने पर पीड़िता ने अदालत की शरण ली। कोर्ट के आदेश पर बुधवार को कौशाम्बी पुलिस ने दो युवकों के खिलाफ दुराचार की एफआईआर दर्ज की।
कौशाम्बी थाना क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली युवती 12 फरवरी की शाम घर में अकेली थी। परिवार के अन्य लोग खेत में काम करने गए थे। तभी पड़ोस के दो युवक बहाने से घर आ गए। दोनों युवकों ने युवती को दबोचकर उसकी अस्मत लूट ली। जबरदस्ती करने के बाद दोनों युवक कहीं भी जुबान खोलने पर जान से मारने की धमकी देते हुए भाग निकले। उधर, जब परिजन खेत से घर लौटे तो युवकों की दरिंदगी की शिकार हुई युवती की हालत देख दंग रह गए। घरवाले पीड़िता को लेकर थाने पहुंचे। नामजद तहरीर दी। आरोप है कि पुलिस ने जांच का बहाना बनाकर टरका दिया। दो दिनों तक थाने का चक्कर लगाने के बाद पीड़ित परिवार सीओ, एएसपी और एसपी के दफ्तर घूमता रहा, लेकिन कहीं भी कोई सुनवाई नहीं हुई। थककर पीड़ित परिवार ने अदालत का दरवाजा खटखटाया। अदालत के आदेश पर बुधवार को कौशाम्बी थाने की पुलिस गांव के ही रहने वाले दो युवकों के खिलाफ दुराचार का केस दर्ज कर लिया है। एसओ भास्कर मिश्रा ने बताया कि एफआईआर लिखकर घटना की जांच की जा रही है। बताया कि दोनों परिवारों के बीच पुरानी रंजिश है। तफ्तीश में जो भी सच्चाई सामने आएगी। आगे वैसी ही कार्रवाई पुलिस करेगी। उधर, रिपोर्ट दर्ज होने से आरोपी युवकों और उनके घरवालों के होश उड़े हुए हैं।