पिपरी के मकदूमपुर चौकी में नसीरपुर के सीआरपीएफ जवान ने सोमवार रात हमला बोल दिया। भाई को पकड़कर चौकी लाने के विरोध में सीआरपीएफ के जवान ने तमंचा सटाकर खाना खा रहे दरोगा को जमकर पीटा। साथ ही सिपाही को घायल कर दिया। किसी तरह पुलिस कर्मियों ने जवान को हिरासत में लिया। सूचना अधिकारियों को दी गई तो खलबली मच गई। जवान के खिलाफ मामला दर्ज कर पुलिस ने उसे जेल भेज दिया है।
नसीरपुर गांव में रविवार की शाम को ग्राम प्रधान शिमला देवी के पति टाइगर ने गांव की ही गीता देवी को अपने साथी भोंदू, गोरेलाल के साथ मारपीट कर घायल कर दिया था। गीता देवी की तहरीर पर पुलिस ने मामला दर्ज कर उसे मेडिकल के लिए भेज दिया था। सोमवार की शाम को मकमदूमपुर चौकी प्रभारी संजय गुप्ता सिपाही कृष्ण गोपाल के साथ कार्रवाई के लिए गांव पहुंचे। वह प्रधानपति व उसके साथियों की तलाश कर रहे थे। इसकी भनक लगते ही गांव के गुड्डू ओझा ने कार्रवाई का विरोध करते हुए दरोगा व सिपाही से अभद्रता करते मारपीट की कोशिश की। इस पर पुलिस गुड्डू ओझा को पकड़कर चौकी ले आई।
रात करीब आठ बजे इसकी जानकारी गुड्डू के भाई प्रीतम ओझा को हुई तो वह आगबबूला हो गया। प्रीतम ओझा सीआरपीएफ में जवान है। हाल ही में वह छुट्टी पर आया था। गुस्से में वह 315 बोर का तमंचा लेकर चौकी पहुंच गया। चौकी के बाहर सिपाही कृष्ण गोपाल ने रोका तो उसको पीटा। इसके बाद प्रीतम चौकी के अंदर घुस गया और खाना खा रहे चौकी प्रभारी को तमंचा सटा दिया। इससे उनके होश उड़ गए, जब तक वह कुछ समझ पाते प्रीतम ने पीटना शुरू कर दिया। प्रीतम ने पीतल का कड़ा पहन रखा था। इससे चौकी प्रभारी के नाक व आंख में चोट आ गई। किसी तरह पुलिस ने प्रीतम को गिरफ्तार किया गया। रात में ही घटना की जानकारी एसपी व एएसपी को देकर दरोगा ने पिपरी थाने में प्रीतम के खिलाफ एफआईआर दर्ज करा दी।