बालू खनन में मशीनों के इस्तेमाल और मल्लाहों की खोदी बालू
लदान के रास्ते में जेसीबी से गड्ढा खोदे जाने पर मंगलवार को पिपरी के औधन
यमुना घाट पर बवाल हो गया। ठेकेदारों की ओर से हुई फायरिंग में करीब 4
मजदूर घायल हो गए। इससे भड़के मजदूर आक्रोशित हो गए। घाट पर मजदूरों ने एक
पोकलैंड और करीब 4 पनचक्की फूंक दी। इससे दिनभर हड़कंप मचा रहा। सूचना पर
डीएम, एसपी कई थानों की फोर्स और पीएसी जवानों के साथ पहुंचे।
बताया
जाता है कि कौशाम्बी के पिपरी थाना क्षेत्र के औधन घाट पर शिवप्रकाश निषाद
का बालू खनन का पट्टा है, लेकिन बालू का खनन ठेकेदार कराते हैं।
बताया जाता
है कि ठेकेदार पोकलैंड, जेसीबी और पनचक्की से बालू खनन कराते हैं। इतना ही
नहीं वे मल्लाहों को खनन से मना करने के साथ उन्हें ट्रक, ट्रैक्टर वालों
को बालू नहीं बेचने का दबाव भी बनाते हैं। इससे औधन घाट में कई दिनों से
तनातनी थी। सोमवार रात मल्लाहों के बनाए उस रास्ते को जेसीबी से खोदकर
गड्ढा कर दिया गया। इसे लेकर मंगलवार सुबह ठेकेदार और मजदूर आमने-सामने हो
गए। कहासुनी के दौरान ठेकेदारों की ओर से फायरिंग कर दी गई। गोली लगने से
औधन गांव के मजदूर राजेंद्र, गुलाब चंद्र, मानिक चंद्र और महेंद्र कुमार
आदि जख्मी हो गए। इससे लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। घाट पर फायरिंग और गोली
लगने से मजदूरों के घायल होने की खबर लगते ही आसपास के तमाम गांवों के
मल्लाह और मजदूर लाठी-डंडा, बांका आदि लेकर आ गए।
घाट पर उपद्रव करते हुए
मजदूरों ने ठेकेदार की एक पोकलैंड, 4 पनचक्की फूंक दी। इस दौरान 3 नाव भी
जल गई। ठेकेदार और उनके गुर्गे जान बचाकर भाग निकले। उधर, फायरिंग, मारपीट,
आगजनी की सूचना से अधिकारियों के हाथ-पांव फूल गए। मौके पर डीएम, एसपी कई
थानों की फोर्स और पीएसी लेकर घाट पर पहुंचे। डीएम, एसपी ने घाट पर किसी भी
कीमत पर मशीनों का इस्तेमाल नहीं होने का भरोसा दिलाकर मजदूरों को शांत
कराया। खबर लिखे जाने तक घाट पर एसडीएम, सीओ फोर्स के साथ डटे थे। डीएम
अखंड प्रताप सिंह ने बताया कि घाटों पर मशीनों के इस्तेमाल गलत है। सभी
थानेदारों को सचेत किया गया है कि घाटों पर मशीन का इस्तेमाल मिला, तो वे
नपेंगे। एसपी वीके मिश्रा ने बताया कि कानून के साथ जिसने भी खिलवाड़ किया
है। सभी को चिह्नित करके उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।