मंझनपुर। अनदेखी की वजह से जिले में झोलाछाप डॉक्टर बेखौफ इलाज कर रहे हैं। शनिवार को भरवारी के सिघिंया में एक क्लीनिक पकड़ा गया। संचालक के पास कोई डिग्री नहीं थी। क्लीनिक में दो मरीज भर्ती थे। इस पर एसीएमओ ने संचालक के खिलाफ नोटिस जारी की है।
अपर मुख्य चिकित्साधिकारी/ पीसीपीएनडीटी के नोडल अफसर डॉ. जेपी साहू ने टीम के साथ भरवारी के सेवा सदन और ब्रजेश मेमोरियल अल्ट्रासाउंड केंद्र की जांच की। दोनों केंद्र के संचालकों को प्रसव पूर्ण लिंग परीक्षण नहीं करने की हिदायत दी गई। केंद्र का रजिस्टर चेक करने के साथ ही अल्ट्रासाउंड कराने वाली महिलाओं से फोन पर पूछताछ की गई। इसी बीच ग्रामीणों ने बताया कि सिघिंया में भी एक व्यक्ति करीब दस साल से क्लीनिक चला रहा है। उसके पास कोई डिग्री नहीं है। वह मरीजों को भर्ती भी करता है। इस पर टीम ने सिघिंया स्थित झोलाछाप डॉक्टर के क्लीनिक में छापा मारा। जांच के दौरान संचालक कोई डिग्री नहीं दिखा सका। क्लीनिक में दो मरीजों को भर्ती करके इलाज किया जा रहा था। एसीएमओ ने संचालक को नोटिस जारी कर डिग्री व अस्पताल से जुड़े अभिलेख मांगे हैं। चेताया कि अभिलेख नहीं दिखा पाने पर संचालक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी जाएगी।