चरवा के सिरसी मोड़ के समीप गुरुवार रात साथी और रिश्तेदार को छोड़ने निकले बालू कारोबारी कल्लू (26) की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। इससे नाराज परिजनों ने शुक्रवार सुबह करीब साढ़े सात सैयदसरांवा चौराहा के पास चक्काजाम कर दिया। चरवा थाने की पुलिस रिश्तेदार व साथी के खिलाफ गैरइरादतन हत्या का मामला दर्ज की। इसके बाद करीब साढ़े 11 बजे जाम हटाया गया।
सैयदसरांवा निवासी कल्लू दो भाइयों में बड़ा था। करीब छह साल पहले उसकी शादी रानी देवी के साथ हुई थी। कल्लू के दो बेटे रीतांशू (2) अैर तकरीबन छह माह का रवींदू है। कल्लू बालू कारोबारी जैन कुशवाहा के साथ बालू का काम करता था। गुरुवार शाम को कारोबारी के ससुराल समसपुर से उसके चचिया ससुर लोकनाथ, चचरेरा साला सुभाष और कूड़ापुर गांव निवासी उसका साथी रंजीत घर आए। रात में सभी लोगों ने खाया-पिया। इसके बाद कल्लू रात करीब आठ बजे उनको छोड़ने के लिए समसपुर तक रंजीत को अपनी गाड़ी में बैठाकर ले गया। रात करीब 10 बजे चरवा थाने की पुलिस को संदिग्ध परिस्थितियों में कल्लू सिरसी गांव के सामने अंधा मोड़ में खाई में मृत मिला। जबकि साथ में रहा रंजीत घायल मिला। रंजीत को पुलिस ने चायल पीएचसी में भर्ती कराया। साथ ही इसकी जानकारी कल्लू के परिजनों को दी। कल्लू के छोटे भाई संजय ने हत्या का आरोप रंजीत व ससुरालियों पर आरोप लगाया तो परिजन आपे से बाहर हो गए। शुक्रवार सुबह परजिनों ने ग्रामीणों की मदद से सैयदसरांवा चौराहा के समीप जाम लगा दिया।
सूचना पर सीओ चायल रामभवन यादव, चरवा एसओ रामआसरे सरोज, पूरामुफ्ती एसओ धर्मेंद्र सिंह मौके पर पहुंचे। पुलिस ने समझाने का प्रयास किया, लेकिन ग्रामीण अपनी जिद पर अड़े रहे। संजय की तहरीर पर चरवा थाने में रंजीत, लोकनाथ व सुभाष के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया गया। इसके बाद करीब साढ़े 11 बजे लोगों ने जाम हटाया। वहीं चरवा एसओ रामआसरे सरोज का कहना है कि सिरसी गांव के सामने अंधा मोड़ है। रात में वापस आते समय कल्लू की बाइक रफ्तार में थी। मोड़ पर अनियंत्रित होने के कारण वह खाई में पलटी। इससे उसकी मौत हो गई थी। जबकि रंजीत घायल था। बताया कि रंजीत की भी हालत खराब थी, वह उठाने पर गिर जा रहा था, उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। कल्लू अपने साथी कारोबारी जैन कुशवाहा की अपाचे मोटरसाइकिल से रिश्तेदारों को छोड़ने गया था।