सोमवार को हाईस्कूल व इंटरमीडिएट की परीक्षा के दौरान निरीक्षण करने पहुंचे डीआईओएस ने दो केंद्र व्यवस्थापकों, एक कक्ष निरीक्षक व लिपिक को कार्यमुक्त कर दिया। एक केंद्र के शिक्षकों की योग्यता संदिग्ध होने की आशंका पर डीआईओएस ने सभी के अभिलेख तलब किए हैं।
सोमवार को पहली पाली में हाईस्कूल गणित और गृहविज्ञान की परीक्षा थी। नकल पर अंकुश लगाने के लिए डीआईओएस के नेतृत्व वाला उड़नदस्ता सत्य नारायण कामता प्रसाद शुक्ल इंटर कालेज मंगरोहनी पहुंचा। यहां गड़बड़ी मिलने पर जगदीश प्रसाद शुक्ल कक्ष निरीक्षक को परीक्षा से बाहर कर दिया गया। इसके बाद टीम गयादीन साहू इंटर कालेज बारा तफारीक पहुंची। डीआईओएस ने यहां के केंद्र व्यवस्थापक को बदलने की संस्तुति की। इसके बाद टीम ने राबिया बेगम इंटर कालेज में छापा मारा। यहां पर परिचारक रफीक अहमद टीम को देखकर इधर-उधर भागने लगा। इस पर नाराजगी जाहिर करते हुए डीआईओएस ने केंद्र व्यवस्थापक को बदले जाने की संस्तुति की।
अंत में टीम बाबूलाल शुक्ल इंटर कालेज बारातफारीक पहुंची। यहां पर शिक्षकों से पूछताछ के दौरान उनकी योग्यता पर सवाल खड़े हुए। इस पर उन्होंने प्रबंधतंत्र से शिक्षकों के शैक्षणिक अभिलेख तलब किया है। दूसरी पॉली में इंटरमीडिएट शिक्षा शास्त्र की परीक्षा के दौरान डीआईओएस की टीम सरदार पटेल बालिका इंटर कालेज म्योहर पहुंची। उन्होंने पाया कि विद्यालय का लिपिक संतलाल यादव परिसर में इधर-उधर घूम रहा है। इस पर डीआईओएस ने उसे कार्यमुक्त कर दिया। उड़नदस्ते की दूसरी टीम वित्त एवं लेखाधिकारी राजीव कुमार पांडेय के नेतृत्व में आरके भार्गव बालिका इंटर कालेज टेंवा पहुंची। यहां पर केंद्र व्यवस्थापक मौके से गायब रहे। इस पर उन्होंने कार्रवाई की संस्तुति कर पत्र डीआईओएस को भेज दिया है। सोमवार की परीक्षा में उड़नदस्तों व सेक्टर मजिस्ट्रेटों की टीम को एक भी परीक्षार्थी नकल करते नहीं मिला।