मंझनपुर। नगर के खोरा में कैंसर से लोगों में खौफ है। छह साल के अंदर ही पांच लोगों की बीमारी जान ले चुकी है। दो लोग अब भी बीमारी से जूझ रहे हैं। खास बात यह है कि करीब 30 घरों के इर्द-गिर्द ही यह बीमारी घूम रही है।
नगर पालिका परिषद मंझनपुर के वार्ड नंबर 17 गौतम बुद्ध नगर के खोरा मोहल्ले में करीब 250 घर हैं, लेकिन कैंसर का ज्यादा प्रभाव सिर्फ 25 से 30 घरों के बीच ही है। मोहल्ले की पद्मा सिंह और राज बहादुर सिंह बताते हैं कि छह साल के अंदर एक के बाद एक पांच लोग कैंसर की चपेट में आकर जान गवां चुके हैं। पहले तो किसी ने ध्यान नहीं दिया। जब ऐसे लोग बीमारी की चपेट में आने लगे जो नशे से कोसों दूर रहते थे तो हर किसी की नींद उड़ गई।
बताया जाता है कि मोहल्ले में जिस सबमर्सिबल पंप और हैंडपंप का पानी लोग पीते हैं, वह काफी खराब है। शाम को भरकर रखो तो सुबह तक उसमें सफेद परत जम जाती है। आशंका है कि शायद यही दूषित पानी बीमारी की वजह हो। इससे निजात पाने के लिए स्वास्थ्य और प्रशासन के अधिकारियों के यहां गुहार लगाई, लेकिन सुनवाई नहीं हुई।
कैंसर की चपेट में आए यह लोग
खोरा निवासी दिनेश (30) की डेढ़ साल, नंदन (50) की करीब तीन साल, उदयभान सिंह (50) की पांच साल, जुबैदा (45) की डेढ़ साल और नाजमी बेगन (50) की करीब दो साल पहले कैंसर से मौत हो चुकी हैं। गांव के ही चंद्रभान (70) और उनका बेटा अमित कुमार (30) का इलाज चल रहा है। इनका उपचार वाराणसी के महामना पंडित मदन मोहन मालवीय कैंसर अस्पताल में चल रहा है।
पानी भी हो सकता है कैंसर की वजह
संयुक्त जिला चिकित्सालय के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. संजीव का कहना है कि कैंसर के कई कारण होते हैं। पानी भी कैंसर की वजह बन सकता है, लेकिन तब जब उसमें कार्सिनोजेन यानी आर्सेनिक और लेड हो। खोरा के पानी में कार्सिनोजेन है कि नहीं यह तो जांच के बाद ही पता चलेगा।
मोहल्ले का पानी दूषित है। समस्या को लेकर जिला अस्पताल के सीएमएस और डीएम से मिला था, लेकिन कहीं पर इसे गंभीरता से नहीं लिया गया।-
धनराज सिंह
मोहल्ले के 30 घरों के बीच कैंसर ने दहशत फैला रखी है। अब तक पांच लोग जान गवां चुके हैं। मेरा बेटा भी खुद इस बीमारी की चपेट में है।-
चंद्रभान सिंह
कुछ घरों के बीच घूम रही यह बीमारी चिंता का विषय बन गई है। जांच हो तो पता चले कि इसकी वजह क्या है। ताकि आगे की पीढ़ी सुरक्षित रहे।-
राकेश
हैंडपंप और सबमर्सिबल पंप का पानी शाम को भराे तो सुबह तक बर्तन में सफेद रंग की परत जम जाती है। हो सकता है कि इसी पानी से कैंसर फैल रहा हो।-
झुरई
खोरा में पानी के दूषित होने की जानकारी मिली है। जल्द ही पानी का नमूना लिया जाएगा। उसकी जांच कराई जाएगी, ताकि पता चल सके कि बीमारी की वजह क्या है।-
अनूप राय,ईओ, नगर पालिका परिषद मंझनपुर