मंझनपुर। हाईस्कूल, इंटरमीडिएट की बोर्ड परीक्षा इस साल बृहस्पतिवार से शुरू हो रही है। यूपी बोर्ड की इस परीक्षा में जिले के कुल 56 हजार से अधिक छात्र-छात्राएं बैठेंगे। इन परीक्षार्थियों के लिए कुल 86 स्कूलों को परीक्षा केंद्र बनाया गया है। डीआईओएस राजशेखर सिंह ने बताया कि परीक्षा की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। नकलविहीन परीक्षा के लिए सभी परीक्षा केंद्रों में स्टेटिक मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं।
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षाएं 19 फरवरी से शुरू हो रही हैं। पहले दिन प्रथम पाली में हाईस्कूल हिंदी प्रथम प्रश्न और दूसरी पाली में इंटरमीडिएट हिंदी प्रथम प्रश्नपत्र की परीक्षा होगी। सुबह 7.30 बजे से शुरू होने वाली बोर्ड परीक्षा में जिले से कुल 56 हजार 582 छात्र-छात्राएं शामिल होंगी। इनमें हाईस्कूल के करीब 32 हजार और इंटरमीडिएट के 24 हजार परीक्षार्थी शामिल हैं। डीआईओएस ने बताया कि जिले के 86 स्कूलों को परीक्षा केंद्र बनाया गया है।
इनमें 35 अतिसंवेदनशील और 16 परीक्षा केंद्रों को संवेदनशील चिह्नित किया गया है। बताया कि यूं तो जिले के सभी 86 परीक्षा केंद्रों में स्टेटिक मजिस्ट्रेट की तैनाती की गई है पर, संवेदनशील और अतिसंवेदनशील चिह्नित परीक्षा केंद्रों पर स्टेटिक मजिस्ट्रेटों के अलावा पर्यवेक्षक, अतिरिक्त पुलिस फोर्स लगाई गई है। वहीं इन परीक्षा केंद्रों की रोजाना उड़ाका दल से भी चेकिंग कराई जाएगी। डीआईओएस का दावा है कि नकलविहीन परीक्षा कराने की सभी तैयारियां कर ली गई है। किसी भी कीमत पर परीक्षा में नकल नहीं होने दी जाएगी।
यूपी बोर्ड की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की बृहस्पतिवार से शुरू हो रही परीक्षा के मद्देनजर पूरे जिले में धारा 144 लागू कर दी गई है। इसके साथ ही परीक्षा केंद्रों की सुरक्षा के लिए एक-एक दरोगा और 6-6 सिपाहियों की ड्यूटी लगाई गई है। वहीं परीक्षा केंद्र के बाहर 500 मीटर के दायरे में बाहरी व्यक्तियों के प्रवेश को भी प्रतिबंधित किया गया है।
बोर्ड परीक्षा में नकल रोकने के लिए जिलाधिकारी राजमणि यादव ने इस बार विशेष तेवर दिखाया है। इसीक्रम में जहां उन्होंने सभी 86 परीक्षा केंद्रों पर जिलास्तरीय अफसरों को स्टेटिक मजिस्ट्रेट बनाकर उन्हें नकल रोकने की कमान सौंपी है। वहीं डीएम ने बताया कि एक स्टेटिक मजिस्ट्रेट दो दिन ही एक परीक्षा केंद्र की व्यवस्था देखेंगे। इसके बाद इन स्टेटिक मजिस्ट्रेटों के परीक्षा केंद्र बदल दिए जाएंगे।
जिलाधिकारी राजमणि यादव ने बताया कि हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षा में किसी भी कीमत पर नकल नहीं होने दी जाएगी। दावा किया कि नकल करते और कराते हुए पकड़े जाने वालों के खिलाफ गैंगस्टर और रासुका जैसी कार्रवाई की जाएगी।
यूपी बोर्ड की बृहस्पतिवार से शुरू हो रही बोर्ड परीक्षा की तैयारी मुद्दे पर बुधवार को जिलाधिकारी ने डीआईओएस के साथ सभी सेक्टर और स्टेटिक मजिस्ट्रेटों की बैठक की। उन्होंने सभी को हिदायत दी कि परीक्षा पूरी तरह से नकलविहीन करानी है। चेताया कि कक्ष निरीक्षक से लेकर छात्र-छात्राओं को भी बगैर परिचयपत्र अथवा प्रवेशपत्र के परीक्षा केंद्र में दाखिल नहीं होने दिया जाएगा। साथ ही उन्होंने केंद्र व्यवस्थापकों को चेताया है कि उन विषय के विशेषज्ञ अध्यापकों की उस दिन ड्यूटी नहीं लगेगी, जिस दिन उक्त विषय की परीक्षा होगी। बताया कि पकड़े जाने पर केंद्र व्यवस्थापक और शिक्षक दोनों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।