नगर पंचायत भरवारी रेलवे क्रासिंग के दोनो ओर लग रहा जाम परेशानी का सबब बन गया है। लोगों को समझ में नहीं आ रहा कि आखिर इस समस्या से कब निजात मिलेगी। उधर जाम में फंसने के कारण सुबह बच्चे स्कूल पहुंचने में लेट हो रहे हैं तो अधिकारी, कर्मचारी भी समय से कार्यालय नहीं पहुंच पा रहे हैं। हद तो तब हो जाती है जब जाम के झाम से लोगों को बचाने के लिए क्रासिंग पर एक भी यातायात सिपाही नहीं रहता।
नगर पंचायत भरवारी में जाम की समस्या कोई नई नहीं है। जिला बनने के बाद से सड़क पर वाहनों का आवागमन बढ़ गया। तब से लेकर आज तक क्रासिंग पर लगातार जाम लगता चला आ रहा है। स्नान पर्वों की सुबह तो लोगों का निकलना मुश्किल हो जाता है। जाम के झाम को देखते हुए रोही बाईपास का विकल्प तलाशा गया। बाईपास का निर्माण होने के बाद भी लोगों को इससे निजात नहीं मिल रही है। अधिकतर वाहन भरवारी रेलवे क्रासिंग से होकर ही गुजरते हैं। इसके चलते स्कूल में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं को हर सुबह स्कूल पहुंचने में देर होना पड़ता है। दूसरी ओर इलाहाबाद में आवास बनाकर रह रहे विभिन्न विभागों के कर्मचारियों को भी कठिनाई का सामना करना पड़ता है। वह भी रोज दफ्तर देर से पहुंच रहे हैं। उधर यातायात विभाग के सिपाही हैं कि वह रेलवे क्रासिंग पर लगने वाले जाम में फंसे लोगों को निकालने के लिए कोई पहल नहीं करते।