मंझनपुर। नलकूपों की खराबी व अफसरों की उदासीनता के अलावा अन्य विभिन्न समस्याओं को लेकर भाकियू (अराजनैतिक) कार्यकर्ता लामबंद हो गए हैं। शनिवार को जिला मुख्यालय मंझनपुर में बैठक कर डायट मैदान में धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया है। जिद है कि जब तक मांगे पूरी नहीं हो जाएंगी वह धरना खत्म नहीं करेंगे।
बैठक की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष नूरुल इस्लाम ने की। इस दौरान जून माह में प्रस्तावित राष्ट्रीय चिंतन शिविर और जिले में सिंचाई व्यवस्था की बदहाली को लेकर अहम फैसले लिए गए। जिलाध्यक्ष ने जानकारी दी कि 9, 10 और 11 जून को हरिद्वार उत्तराखंड में राष्ट्रीय चिंतन शिविर होगा। इसमें जनपद से लेकर ब्लॉक स्तर तक के सभी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं की उपस्थिति अनिवार्य होगी। इसके अलावा बैठक में जिले में सिंचाई नलकूपों की खस्ता हालत पर भी नाराजगी जाहिर की। किसानों ने आरोप लगाया कि नलकूप विभाग के अधिकारी पूर्णतः किसान विरोधी रवैया अपना रहे हैं। कहीं मोटर जली हुई है तो कहीं स्टार्टर ही नहीं है।
खोरांव में 84के नलकूप की मोटर एक साल में सात बार फुुंक चुकी है। कूरामुरीदन, करनपुर, सिंहपुर सहित दर्जनों नलकूप तकनीकी खराबी के चलते बंद पड़े हैं। किसानों ने तय किया कि जब तक समस्याओं का समाधान नहीं होता। तब तक अनिश्चितकालीन धरना जारी रहेगा। जिला उपाध्यक्ष रणधीर सिंह चौहान ने बताया कि 24 मार्च को डीएम को 18 सूत्रीय मांगपत्र सौंपा गया था, लेकिन अब तक उस पर कोई कार्रवाई नहीं की। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी भी की।
धरना प्रदर्शन की जानकारी होने पर एसडीएम मंझनपुर एसपी वर्मा व सहायक अभियंता सिंचाई संदीप चौहान पहुंचे। उन्होंने समस्याओं के जल्द समाधान का आश्वासन देते हुए समझाने का प्रयास किया। धरना प्रदर्शन में बहार अहमद, बृजेश तिवारी, देवराज तिवारी, गणेश प्रसाद, धर्मराज तिवारी, गिरधारी लाल, अच्छे लाल, योगेश कुमार, राम विशाल आदि कार्यकर्ता मौजूद रहे।