परिषदीय विद्यालयों के विलय के बाद जिले के 95 विद्यालय खाली हो गए हैं। यहां अब शिक्षण कार्य नहीं होगा, अब यहां बाल वाटिका का संचालन होगा। 15 अगस्त के बाद इसका संचालन शुरू हो जाएगा। इसको लेकर बीएसए ने जानकारी मांगी है।
जिले के 95 विद्यालयों में 50 से कम छात्रसंख्या थी। इनका शासन ने पास के दूसरे विद्यालय में विलय कर दिया है। इस नई व्यवस्था से ये विद्यालय खाली हो गए हैं। इन विद्यालयों में 15 अगस्त के बाद बाल वाटिका का संचालन होगा। स्कूलों का संचालन बेहतर तरीके से होता रहे। इसके लिए बीएसए डॉ. कमलेंद्र कुशवाहा ने इन स्कूलों से जुड़ी जानकारी मांगी है।
इसमें स्कूलों की वर्तमान स्थित के साथ ही वहां की अन्य व्यवस्था के बारे जानकारी शामिल है। बीएसए ने बताया कि इन विद्यालयों में छोटे बच्चों के रहने और पढ़ने के लिए किन अन्य चीजों की जरूरत होगी। इसकी जानकारी होने के बाद नए सिरे से व्यवस्था की जाएगी।